facebookmetapixel
Advertisement
IT डिपार्टमेंट ने ‘स्वैपिंग प्रोविजन्स’ के लिए 20,000 ITRs को किया फ्लैग: जानें अब आपके पास क्या है रास्ताEPFO की EDLI स्कीम: कर्मचारियों को मिलता है ₹7 लाख तक का फ्री लाइफ इंश्योरेंस, ऐसे कर सकते हैं क्लेमअगले साल की शुरुआत में भारत आ सकते हैं ट्रंप, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने दी जानकारीनिवेशक दें ध्यान! अगले हफ्ते कजारिया सेरामिक्स समेत ये 3 कंपनियां करेंगी शेयर बायबैक, जानें पूरी डिटेलDividend Stocks: अगले हफ्ते खुलेगा कमाई का पिटारा, टाटा-महिंद्रा-बजाज समेत 46 कंपनियां बांटेगी डिविडेंडAIF Market: पश्चिम एशिया संकट थमने से वैकल्पिक निवेश फंडों में लौटी रौनक, HNIs का बढ़ा भरोसाभारतीय फिनटेक कंपनियों की नजर अब ग्लोबल मार्केट पर, स्ट्राइप-पेपाल की तर्ज पर दुनिया भर में लाइसेंस लेने की होड़इनवेस्को सहित कई फंड कंपनियों ने नए निवेश पर लगाई रोक, पर निवेशक गोल्ड ETF खरीदें, बेचें या होल्ड करें?EMI नहीं चुका पाने के चलते बैंक वाले उठा ले गए बाइक? जानिए क्या हैं आपके पास कानूनी अधिकारSME IPO में करने जा हैं निवेश? सिर्फ GMP देखकर न फंसें, नुकसान से बचने के लिए इन फैक्टर्स का भी रखें ध्यान

NBFC के लिए जमा लाइसेंस पर गंभीरता से हो विचार

Advertisement

सितंबर के अंत तक, हमारी बैलेंस शीट में करीब 6,000 करोड़ रुपये की नकदी दिखेगी, जो लिक्वीडिटी कवरेज रे​शियो की जरूरत से ​अ​धिक होगी।

Last Updated- August 31, 2023 | 11:52 PM IST
Deposit license for NBFC should be seriously considered

पीरामल एंटरप्राइजेज (पीईएल) ने हाल में 1,750 करोड़ रुपये मूल्य के 1.4 करोड़ शेयरों की पुनर्खरीद की घोषणा की। पुनर्खरीद भाव 1,250 रुपये प्रति शेयर है, जिससे घोषणा की तारीख पर बाजार भाव से 16 प्रतिशत तेजी का संकेत मिलता है। पीरामल ग्रुप के चेयरमैन अजय पीरामल ने मनोजित साहा के साथ वीडियो साक्षात्कार में पुनर्खरीद से लेकर समूह की बैंकिंग योजनाओं पर चर्चा की। पेश हैं बातचीत के मुख्य अंश:

शेयर पुनर्खरीद का कारण क्या था?

हमने श्रीराम ग्रुप में निवेश किया था और इस इसका कुछ हिस्सा जून के अंत में बेच दिया गया, जिससे 4,820 करोड़ रुपये हासिल हुए। इससे पीईएल में हमारी नेटवर्थ 31,000 करोड़ रुपये रह गई। हमारा ऋण-पूंजी अनुपात सिर्फ 1.2 पर है। इसके परिणामस्वरूप, हम एक वित्तीय कंपनी के नजरिये से जरूरत से ज्यादा इ​क्विटी से संपन्न हैं।

इसके अलावा, निजी एनबीएफसी में नेटवर्क के संदर्भ में, हमें तीसरा स्थान हासिल है। हमने अपने शेयरधारकों को भी लाभा​न्वित करना चाहते थे। शेयर हाल के वर्षों में कमजोर रहा है, इसलिए हमने अपने शेयरधारकों की मदद करने पर जोर दिया। महत्वपूर्ण है कि इस पुनर्खरीद को छोटे शेयरधारकों को लाभा​न्वित करने के लिए पेश किया गया, क्योंकि प्रवर्तक इसमें हिस्सा नहीं ले रहे हैं।

पुनर्खरीद के बाद पीईएल में नकदी ​स्थिति कैसी है?

कर के साथ, निकासी लगभग 2,100 करोड़ रुपये होगी। सितंबर के अंत तक, हमारी बैलेंस शीट में करीब 6,000 करोड़ रुपये की नकदी दिखेगी, जो लिक्वीडिटी कवरेज रे​शियो की जरूरत से ​अ​धिक होगी।

पीईएल के लिए आपका दृ​ष्टिकोण विश्वस्तरीय रिटेल उधारी एनबीएफसी बनाना, चार साल में ऋण बुक दोगनी करना है। मध्याव​धि में यह लक्ष्य हासिल करने की आपकी क्या योजना है? क्या अ​धिग्रहण की भी संभावना है?

हमारी ऋण बुक का दोगुना होना स्वाभाविक है। हम तब उपयुक्त अवसर पैदा होने पर अ​​​धिग्रहणों की संभावना तलाशेंगे। हमारे पिछले रिकॉर्ड में अ​धिग्रहण शामिल रहे हैं और हम आगे भी लाभकारी अवसरों की तलाश जारी रखेंगे। हम तकनीक और लोगों के समावेश पर जोर देते हैं।

वित्तीय सेवा सेगमेंट में, परिसंप​त्ति प्रबंधन और सामान्य बीमा का अभाव है। क्या आपने इन क्षेत्रों में प्रवेश करने की योजना बनाई है?

सामान्य बीमा के लिए हमने आईबीसी प्रक्रिया के दौरान रिलायंस कैपिटल के लिए बोली प्रक्रिया में हिस्सा लिया था। हालांकि हमारी बोली दूसरों से कम थी। जब भी हमारी रणनीति के अनुरूप उपयुक्त अवसर पैदा होंगे, हम उन पर विचार करेंगे। जहां तक परिसंप​त्ति प्रबंधन का सवाल है, यह हमारी मौजूदा योजनाओं का हिस्सा नहीं है।

अ​धिग्रहण के लिए कौन से क्षेत्रों में आपकी दिलचस्पी है? सूक्ष्म वित्त, स्वर्ण ऋण आदि?

अ​धिग्रहणों के लिए हमारी मुख्य जोर रिटेल उधारी क्षेत्र में रहा है। चाहे यह माइक्रोफाइनैंस हो या स्वर्ण ऋण संबं​धित अवसर, हम अपनी रणनीति के हिसाब से इस विचार करेंगे। हमारा निवेश कर्मियों और तकनीक से जुड़ा हुआ है।

Advertisement
First Published - August 31, 2023 | 11:52 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement