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सीमा शुल्क चोरी रोकने हेतु ब्रिटेन से समझौते को मंजूरी

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Last Updated- December 12, 2022 | 5:22 AM IST

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने आज भारत और ब्रिटेन के बीच सीमा शुल्क की जांच से जुड़े मामले में सूचनाओं के आदान प्रदान और संबंधित अपराधों को रोकने के लिए समजौतों पर हस्ताक्षर के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। आधिकारिक बयान के मुताबिक इस समझौते से कारोबार की सुविधा बढ़ाने और दोनों देशों के बीच वस्तुओं के कारोबार की मंजूरी सुनिश्चित करने में भी मदद मिलेगी।
आधिकारिक बयान के अनुसार, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक में सीमा शुल्क सहयोग और सीमा शुल्क के मामलों में पारस्परिक प्रशासनिक सहयोग के बारे में भारत सरकार और ब्रिटेन तथा उत्तरी आयरलैंड की सरकार के बीच एक समझौते पर हस्ताक्षर को मंजूरी दी गई।’
इस समझौते से सीमा शुल्क से जुड़े अपराधों की रोकथाम और जांच के लिए उपयोगी जानकारी की उपलब्धता में मदद मिलेगी। साथ ही इससे व्यापार को आसान बनाने और दोनों देशों के बीच व्यापार किए गए माल की प्रभावी तरीके से मंजूरी सुनिश्चित होने की भी उम्मीद है। यह समझौता दोनों देशों के सीमा शुल्क अधिकारियों के बीच सूचना एवं खुफिया जानकारी साझा करने का एक कानूनी ढांचा प्रदान करेगा। साथ ही सीमा शुल्क कानूनों के उपयुक्त अमल और सीमा शुल्क अपराधों की रोकथाम एवं जांच और वैध व्यापार को सहज बनाने में मदद करेगा।
दोनों देशों के सीमा शुल्क प्रशासनों की सहमति से प्रस्तावित समझौते के मसौदे को अंतिम रूप दे दिया गया है। बयान के अनुसार, ‘समझौते में भारतीय सीमा शुल्क विभाग की चिंताओं, सीमा शुल्क मूल्य, शुल्क वर्गीकरण और दोनों देशों के बीच व्यापार किए गए माल के स्रोत के बारे में जानकारी के आदान-प्रदान से जुड़ी जरूरतों का ध्यान रखा गया है।’

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First Published - April 29, 2021 | 12:00 AM IST

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