facebookmetapixel
Advertisement
पीएम मोदी 28 मार्च को करेंगे जेवर एयरपोर्ट का उद्घाटन; यूपी में पर्यटन, उद्योग और लॉजिस्टिक्स को नई उड़ानBiharOne: बिहार में डिजिटल गवर्नेंस की नई शुरुआत, CIPL के साथ बदलाव की बयारईरानी तेल खरीद का दावा गलत, रिलायंस ने रिपोर्टों को बताया बेबुनियादरनवे से रियल्टी तक: जेवर एयरपोर्ट ने बदली नोएडा की प्रोपर्टी की कहानी, 2027 तक आ सकती है 28% और तेजी‘हेडलाइन्स’ से कहीं आप भी तो नहीं हो रहे गुमराह? SIP पर जारी रखें ये स्ट्रैटेजीAM/NS India में बड़ा बदलाव: दिलीप ओम्मन होंगे रिटायर, अमित हरलका बनेंगे नए सीईओभारत में पेट्रोल, डीजल या LPG की कोई कमी नहीं, 60 दिन का स्टॉक मौजूद: सरकारभारत की तेल जरूरतें क्यों पूरी नहीं कर पा रहा ईरानी क्रूड ऑयल? चीन की ओर मुड़े जहाजलाइन लगाने की जरूरत नहीं, घर पहुंचेगा गैस सिलेंडर: सीएम योगी आदित्यनाथऑल टाइम हाई के करीब Oil Stock पर ब्रोकरेज सुपर बुलिश, कहा- खरीद लें, 65% और चढ़ने का रखता है दम

हिमाचल में मानसून का कहर जारी, कुल्लू में बादल फटा, कोई हताहत नहीं; अभी और बारिश की संभावना

Advertisement

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले कुछ दिनों तक हिमाचल में बारिश का अनुमान जताया है। विभाग ने 11 और 12 अगस्त के लिए तीन जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

Last Updated- August 09, 2025 | 8:41 AM IST
Flood
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

Kullu Cloudburst: हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में शुक्रवार शाम को एक बादल फटने की घटना सामने आई है। यह घटना जरी के शारद नाले में शाम करीब 5:35 बजे हुई। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) कुल्लू के अनुसार, बादल फटने के बाद स्थिति सामान्य है और अभी तक किसी के हताहत होने या जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है। हालांकि, शारद नाले के पास बारोगी नाले में पानी का स्तर बढ़ गया है, जिससे स्थानीय प्रशासन सतर्क हो गया है।

हिमाचल प्रदेश इस समय मॉनसून की भारी बारिश और इसके कारण होने वाली परेशानियों से जूझ रहा है। न्यूज एजेंसी PTI की रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य में भारी बारिश और बाढ़ के कारण 357 सड़कें बंद हो चुकी हैं। इसके अलावा, 599 बिजली वितरण ट्रांसफॉर्मर खराब हो गए हैं और 177 पेयजल योजनाएं प्रभावित हुई हैं। मॉनसून की इस तबाही ने पूरे राज्य में जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है।

Also Read: Uttarkashi Cloudburst: उत्तरकाशी में बादल फटा, खीर गंगा नदी में आई बाढ़ से मची तबाही; 20-25 होटल, होमस्टे बहे

208 लोगों की मौत, सैकड़ों सड़कें बंद

इस साल मॉनसून से जुड़ी घटनाओं में हिमाचल प्रदेश में अब तक 208 लोगों की मौत हो चुकी है। इनमें से 112 लोगों की जान भूस्खलन, बाढ़ और मकान ढहने जैसी प्राकृतिक आपदाओं के कारण गई, जबकि 90 से ज्यादा मौतें सड़क हादसों में हुईं। भारी बारिश के कारण सड़कों पर फिसलन और दृश्यता कम होने से हादसे बढ़े हैं। 

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले कुछ दिनों तक हिमाचल में बारिश का अनुमान जताया है। विभाग ने 11 और 12 अगस्त के लिए तीन जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि बाकी जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। इससे पहले, उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में एक बादल फटने की घटना में पांच लोगों की मौत हो गई थी और सैकड़ों लोग लापता हो गए थे। खीर गढ़ इलाके में भूस्खलन ने कई इमारतों, दुकानों और सड़कों को बहा दिया, जिससे 100 से ज्यादा लोग अब भी लापता हैं।

कुल्लू में बादल फटने की घटना ने एक बार फिर मॉनसून की मार झेल रहे पहाड़ी राज्यों की मुश्किलों को उजागर किया है। स्थानीय प्रशासन हालात पर नजर रखे हुए है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की जा रही है।

Advertisement
First Published - August 9, 2025 | 8:41 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement