facebookmetapixel
Advertisement
Gold and Silver Rate today: फेड के ब्याज दरें बढ़ाने की संभावना घटी; सोना उछलकर $4,200 के करीब, चांदी $60 के पारसूरज निकला तो बिजली, नहीं निकला तो नुकसान? Renewable कंपनियां इससे कैसे बच रही हैं?Opening Bell: RBI के फैसले से पहले शेयर बाजार में तेजी! Sensex 400 अंक उछला, Nifty 24,600 के पारLIC OFS को संस्थागत निवेशकों का जबरदस्त रिस्पॉन्स, आज रिटेल निवेशकों के लिए खुला ऑफरRBI MPC August 2026: RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा आज करेंगे रीपो रेट का ऐलान; जानें लाइव स्ट्रीमिंग, समय और पूरी डीटेल80 डॉलर से नीचे ब्रेंट, 75 डॉलर से नीचे WTI; तेल बाजार में बड़ी गिरावटStocks To Watch Today: आज इन शेयरों में होगी तगड़ी हलचल! LIC OFS, Paytm, HFCL और DLF समेत 8 बड़े ट्रिगर्स पर रखें नजरडिजिटल पेमेंट नियमों में बदलाव,UPI पर MDR से 10,000 करोड़ रुपये तक सरकार को मिल सकता है बड़ा राजस्वNDA सांसदों की बैठक में खेल और रोजगार पर फोकस, युवाओं के लिए बढ़ते अवसरों का दिया गया ब्यौरा1991 के आर्थिक सुधारों ने बदली भारत की दशा, उसके बाद भारतीय अर्थव्यवस्था को मिली रफ्तार: जयराम रमेश

बिहार, महाराष्ट्र, ओडिशा ने जनगणना में जाति संबंधी विवरण एकत्र करने का अनुरोध किया : सरकार

Advertisement
Last Updated- December 13, 2022 | 2:21 PM IST
Census

सरकार ने मंगलवार को बताया कि तीन राज्यों– बिहार, महाराष्ट्र और ओडिशा तथा कुछ संगठनों ने आगामी जनगणना में जाति आधारित विवरण एकत्र करने का अनुरोध किया है। लोकसभा में ए गणेशमूर्ति के प्रश्न के लिखित उत्तर में गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने यह जानकारी दी। सदस्य ने पूछा था कि क्या सरकार ने इस दशक की जनगणना के लिए आंकड़े एकत्र करने की कोई पहल की है और क्या आंकडों के साथ- साथ जातिवार जनगणना कराने की मांग की जा रही है?

गृह राज्य मंत्री ने उत्तर में कहा कि जनगणना में समय-समय पर यथा संशोधित संविधान (अनुसूचित जाति) आदेश 1950 एवं संविधान (अनुसूचित जनजाति) आदेश 1950 के तहत आने वाली जातियों एवं जनजातियों की गणना की जाती है।

नित्यानंद राय ने कहा, ‘‘भारत सरकार ने आजादी के बाद से जनगणना में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के अलावा जातिवार जनसंख्या की गणना नहीं की है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘तीन राज्यों- बिहार, महाराष्ट्र और ओडिशा तथा कुछ संगठनों ने आगामी जनगणना में जाति आधारित विवरण एकत्र करने का अनुरोध किया है।’’

राय ने बताया कि आगामी जनगणना पहली डिजिटल जनगणना होगी जिसमें स्व-गणना का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि आंकड़ों को एकत्र करने के लिये मोबाइल ऐप और विभिन्न जनगणना संबंधी गतिविधियों के प्रबंधन तथा निगरानी के लिये जनगणना पोर्टल विकसित किया गया है। राय ने यह भी बताया कि कोविड महामारी के कारण जनगणना 2021 और संबंधित गतिविधियों को अगले आदेश तक स्थगित कर दिया गया है।

Advertisement
First Published - December 13, 2022 | 2:21 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement