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बढ़ेगी बैंक कर्मियों की फेमिली पेंशन

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Last Updated- December 12, 2022 | 1:36 AM IST

 बैंक कर्मचारियों की पारिवारिक पेंशन अब तीन गुने से ज्यादा हो सकती है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने एकसमान 30 प्रतिशत ढांचे के पक्ष में इसकी ऊपरी सीमा खत्म कर दी है, जिसकी गणना कर्मचारी द्वारा ली गई अंतिम पेंशन के आधार पर होगी। 
इसके साथ ही फेमिली पेंशन अधिकतम 9,284 रुपये प्रति माह से बढ़कर 35,000 रुपये प्रति माह तक हो सकती है, जो मृतक बैंक कर्मचारी द्वारा निकाली गई अंतिम पेंशन पर निर्भर होगी। 

वित्तीय सेवा विभाग के सचिव देवाशीष पांडा ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की उपस्थिति में इसकी घोषणा की। उन्होंने यह भी घोषणा की है कि नई पेंशन योजना (एनपीएस) के तहत बैंकों द्वारा पेंशन में अंशदान बढ़ाया जाएगा। अब तक नियोक्ता और कर्मचारी मूल वेतन का 10-10 प्रतिशत अंशदान करते थे। अब नियोक्ता या बैंक को 14 प्रतिशत अंशदान करना होगा, जबकि कर्मचारी का एनपीएस में अंशदान 10 प्रतिशत होगा। 
डीएफएस सचिव पांडा ने कहा कि पेंशन मेंं बढ़ोतरी वेतन पर 11वें द्विपक्षीय समझौते के मुताबिक की जा रही है, जिस पर 11 नवंबर, 2020 को आईबीए और बैंक संगठनों ने हस्ताक्षर किए थे। पांडा ने कहा, ‘फेमिली पेंशन बढ़ाए जाने का प्रस्ताव था। इसके साथ ही एनपीएस के तहत नियोक्ता का अंशदान बढ़ाने का भी प्रस्ताव था। इसे माननीय वित्त मंत्री ने मंजूरी दे दी है और अब फेमिली पेंशनर को इसका लाभ मिल सकेगा।’ इसके पहले पेंशनभोगी द्वारा आखिरी बार ली गई पेंशन का 15-20 प्रतिशत और 30 प्रतिशत फेमिली पेंशन मिलती थी, साथ ही इसकी अधिकतम सीमा 9,284 रुपये प्रतिमाह तय की गई थी।

पांडा ने कहा, ‘यह बहुत मामूली राशि थी और वित्त मंत्री महोदया इस बात को लेकर बहुत गंभीर थीं कि इसमें बढ़ोतरी की जानी चाहिए, जिससे सम्मानजनक राशि पेंशनभोगी के परिजनों को मिल सके।’ उन्होंने कहा कि इसके साथ ही प्रति परिवार पेंशन बढ़कर 30 से 35 हजार रुपये तक हो सकती है। बैकों पर इससे पडऩे वाले वित्तीय बोझ पर अभी स्थिति साफ नहीं है। एक बैंकर ने कहा कि बैंकों ने इस बढ़ोतरी के लिए पूरी तरह प्रावधान नहीं किया था और इसकी लागत की गणना अब करनी होगी। उन्होंने कहा कि अतिरिक्त लागत और उससे जुड़े प्रावधान की गणना हर बैंक को अलग अलग करनी होगी। 
आईबीए के अधिकारी इस पर प्रतिक्रिया देने के लिए उपलब्ध नहीं हो सके। वहीं आल इंडिया बैंक इंप्लाइज एसोसिएशन के महासचिव सीएच वेंकटचलम ने कहा कि इस योजना पर पहले ही सहमति बन गई थी और बैंक कर्मचारी इस घोषणा का इंतजार कर रहे थे। अप्रैल 2010 के  बाद बैंक में नौकरी पाने वाले बैंक कर्मचारियों के  परिभाषित अंशदान वाले पेंशन फंड का प्रबंधन कर्मचारी करते हैं। वेंकटचलम ने कहा कि इस योजना से सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के 60 प्रतिशत कर्मचारियों को फायदा मिलेगा।

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First Published - August 26, 2021 | 12:20 AM IST

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