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दूसरी तिमाही में मिला 10 फीसदी ज्यादा अग्रिम कर

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Last Updated- December 11, 2022 | 3:27 PM IST

चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही (जुलाई-सितंबर) में अग्रिम कर संग्रह 2021-22 की समान अव​धि की तुलना में 10 फीसदी से थोड़ा ज्यादा बढ़ा है। आ​धिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी।1,92,600 करोड़ रुपये आग्रिम कर प्रा​प्ति में से निगमित कर और व्य​क्तिगत कर संग्रह सितंबर तिमाही में 10.1 फीसदी बढ़ा है। इनमें निगमित अग्रिम कर 1,49,242 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले समान तिमाही में 1,35,347 करोड़ रुपये था। इसी तरह अग्रिम कर मद में व्य​क्तिगत आयकर संग्रह 9.5 फीसदी बढ़कर 43,358 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष की समान अव​धि में 39,592 करोड़ रुपये था।
हालांकि केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) द्वारा आज जारी आंकड़ों के मुताबिक अप्रैल से 17 सितंबर तक (पहली और दूसरी किस्त) अग्रिम कर संग्रह 17 फीसदी बढ़कर 2.95 लाख करोड़ रुपये रहा। पिछले वित्त वर्ष की समान अव​धि में सरकार को 2.52 लाख करोड़ रुपये अग्रिम कर मिला था। 
सरकार का कहना है कि महामारी से उबरने के बाद आ​र्थिक गतिवि​धियों में सुधार, नीतियों में स्थायित्व और प्रक्रिया को सुगम तथा अनुकूल बनाए जाने एवं तकनीक की मदद से कर चोरी पर प्रभावी तरीके से रोक लगाए जाने की वजह से कर संग्रह में उल्लेखनीय इजाफा हुआ है।
अग्रिम कर का भुगतान पूरे वित्त वर्ष के दौरान चार किस्तों में किया जाता है। अग्रिम कर संग्रह को आ​र्थिक धारणा का भी संकेतक माना जाता है। पहली किस्त में 15 जून तक 15 फीसदी, दूसरी किस्त में 15 सितंबर तक 30 फीसदी और तीसरी किस्त में 15 दिसंबर तक 30 फीसदी अग्रिम कर देना होता है। बाकी कर चौथी किस्त में 15 मार्च तक चुकाना होता है।
वित्त वर्ष 2023 में 1 अप्रैल से 17 सितंबर तक शुद्ध प्रत्यक्ष कर संग्रह पिछले वित्त वर्ष की समान अव​धि की तुलना में 23 फीसदी बढ़कर 7 लाख करोड़ रुपये रहा। पिछले वित्त वर्ष की समान अव​धि में यह 5.68 लाख करोड़ रुपये था। इसमें निगमित कर संग्रह 3.68 लाख करोड़ रुपये और प्रतिभूति लेनदेन कर (एसटीटी) सहित व्य​क्तिगत आयकर 3.30 लाख करोड़ रुपये से अ​धिक रहा। 
चालू वित्त वर्ष में अप्रैल से 17 सितंबर तक सकल संग्रह (रिफंड घटाने से पहले) 30 फीसदी बढ़कर 8.36 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष की समान अव​धि में 6.42 लाख करोड़ रुपये था।
अग्रिम कर संग्रह में स्रोत पर कर कटौती (टीडीएस) मद में करीब 4.34 लाख करोड़ रुपये, स्व-आकलन कर मद में 77,164 करोड़ रुपये, नियमित आकलन कर के तौर पर 20,080 करोड़ रुपये और अन्य मदों में 8,933 करोड़ रुपये की प्रा​प्ति हुई है। 
सीबीडीटी ने भरे गए आयकर रिटर्न को तेजी से निपटाए जाने तारीफ करते हुए बताया कि अभी तक (रविवार तक) तकरीबन 93 फीसदी रिटर्न का सत्यापन हो चुका है। 

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First Published - September 18, 2022 | 10:17 PM IST

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