अर्थव्यवस्था

टैक्स नहीं चुकाने वालों पर कसेगा शिकंजा, सरकार ने बनाई नई रणनीति

सरकार ने चालू वित्त वर्ष में प्रत्यक्ष कर संग्रह बढ़ाने के लिए बकाया वसूली, गलत दावों की जांच और नई कार्ययोजना तैयार की है

Published by
मोनिका यादव   
Last Updated- June 25, 2026 | 8:35 AM IST

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने चालू वित्त वर्ष में 26.97 लाख करोड़ रुपये का प्रत्यक्ष कर एकत्रित करने के लिए कई तरीकों को चिह्नित किया है। अधिकारी ने बताया कि इन उपायों में बकाया कर वसूली के लिए बेहतर प्रबंधन, कर छूट के गलत दावों का पता लगाना और कम कर जमा वाले मामलों में कर विवरणिका को अपडेट करने के कार्यक्रम शामिल हैं।

अब तक कर संग्रह उत्साहजनक रहा है। अधिकारी ने बताया कि 17 जून तक शुद्ध कर संग्रह 5.21 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया और यह पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में लगभग 15 प्रतिशत अधिक है। इस मजबूत शुरुआत से उम्मीद जगी है कि सालाना लक्ष्य आसानी से पूरा हो जाएगा। वित्त मंत्रालय को भेजे गए ईमेल का जवाब सोमवार को खबर लिखे जाने तक नहीं मिला। अधिकारी ने नाम गुप्त रखने की शर्त पर बताया कि बोर्ड के 2026-27 की केंद्रीय कार्य योजना में इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए स्पष्ट कदम बताए गए हैं।

इनमें पुराने कर बकाए को आसानी से या मुश्किल से वसूल होने वाले बकाए के तौर पर बांटकर उनकी बेहतर वसूली करना और बैंकों, कंपनी रिकॉर्ड और वित्तीय इंटेलिजेंस इकाइयों की मदद से करदाताओं का पता लगाना और कर अधिकारियों के जरिये कर की राशि प्राप्त करना शामिल है। विशेष दल बकाया बड़े मामलों का दायित्व संभालेंगे।

First Published : June 25, 2026 | 8:35 AM IST