facebookmetapixel
Advertisement
सीमेंट कंपनियों की बिक्री में 7-8% उछाल, बढ़ती लागत ने मुनाफे पर डाला दबावमॉनसून सत्र में महज चार दिन शेष, शाह के बयान से पीछे हटने को तैयार नहीं विपक्षप्रधानमंत्री मोदी ने खिलाड़ियों को दी बधाई, ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ को किया याद; हर घर तिरंगा की अपीलISRO 6 साल में भेजेगा 300 उपग्रह! 2035 तक अपना स्पेस स्टेशन बनाने का लक्ष्यरिटर्न में पिछड़कर भी रहे एसआईपी की पसंद निवेश के लिए कितने सही हैं लार्ज कैप फंड?FPI की खरीदारी वाले शेयरों ने दिया बेहतर रिटर्न, फिर भी हिस्सेदारी 14 साल के निचले स्तर परमदरसन इंटरनैशनल में 9% उछाल, मजबूत नतीजों और नए कारोबार से बढ़ी ग्रोथ की उम्मीदNSE-BSE के दबदबे में क्षेत्रीय एक्सचेंजों का सफर, क्या लौटेगा कलकत्ता स्टॉक एक्सचेंज?हीरो मोटोकॉर्प की रफ्तार बरकरार, मजबूत वॉल्यूम और प्रीमियम मिक्स से बढ़ी उम्मीदउदारीकरण के 35 साल: ‘सनसेट इंडस्ट्री’ जिसने आर्थिक सुधारों के बाद लिख दी विकास की नई इबारत

जीडीपी का अग्रिम अनुमान रह सकता है 8.6 प्रतिशत

Advertisement
Last Updated- December 11, 2022 | 9:05 PM IST

वित्त वर्ष 22 के लिए राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के लिए दूसरा अग्रिम अनुमान 28 फरवरी को आने वाला है। इसमें चालू वित्त वर्ष की वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि दर 8.6 प्रतिशत रह सकती है, जो पहले अग्रिम अनुमान में 9.2 प्रतिशत थी। इंडिया रेटिंग्स ने आज यह कहा है।
रेटिंग एजेंसी के मुताबिक वृद्धि दर कम किए जाने की संभावित वजह वित्त वर्ष 21 की जीडीपी के संकुचन में हाल का बदलाव है, जिसे 7.3 प्रतिशत गिरावट से 6.6 प्रतिशत गिरावट कर दिया गया है।
एजेंसी ने कहा, ‘इंडिया रेटिंग्स के अनुमान से संकेत मिलता है कि दूसरे अग्रिम अनुमान में वित्त वर्ष 22 की वास्तविक जीडीपी 147.2 लाख करोड़ रुपये रह सकती है। यह वित्त वर्ष 22 में पिछले साल की तुलना में 8.6 प्रतिशत वृद्धि होगी, जबकि 7 जनवरी को 9.2 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान लगाया गया था। वृद्धि अनुमान घटाए जाने की प्रमुख वजह राष्ट्रीय आय के पहले संशोधित अनुमान में वित्त वर्ष 21 का जीडीपी बढ़ाकर 135.6 लाख करोड़ रुपये किया जाना है।’
इंडिया रेटिंग्स ने कहा कि संशोधित अनुमान के मुताबिक वित्त वर्ष 20 की जीडीपी वृद्धि अब 3.7 प्रतिशत है, जो पहले 4 प्रतिशत थी। इसके अलावा वित्त वर्ष 19 में जहां जीडीपी वृद्धि 6.5 प्रतिशत पर बनी हुई है, वहीं मांग के पक्ष में जीडीपी चालकों की वृद्धि दर में बदलाव आया है।

Advertisement
First Published - February 23, 2022 | 11:26 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement