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कहां है मायटास की जमीन!

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Last Updated- December 11, 2022 | 1:10 AM IST

सत्यम में घपला करने वाले बी रामलिंग राजू के बेटे की कंपनी मायटास प्रॉपर्टीज पर भी फर्जीवाड़े की तोहमत लग रही है।
इस कंपनी के अधिग्रहण की कोशिश कर रहे राजू ने सत्यम के शेयरधारकों को बताया था कि इस कंपनी के पास काफी भूमि है, जबकि सरकार का दावा है कि हकीकत में मायटास प्रॉपर्टीज के पास जमीन ही नहीं है।
कंपनी मामलों के मंत्रालय में एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हैदराबाद की इस रियल एस्टेट कंपनी के पास जमीनें नहीं हैं। अलबत्ता कंपनी का कहना है कि उसने जमीन मालिकों के साथ करार किए हैं, जिससे उनके इस्तेमाल का अधिकार उसके पास है।
लपेटे में अर्न्स्ट ऐंड यंग
इस मामले में नामी ऑडिट और सलाहकार कंपनी अर्न्स्ट ऐंड यंग भी फंस सकती है। मायटास प्रॉपर्टीज की कीमत 6,523 करोड़ रुपये इसी कंपनी ने लगाई थी।
कहा जा रहा है कि सरकार इस सिलसिले में अर्न्स्ट ऐंड यंग के खिलाफ जल्द ही कार्रवाई शुरू कर सकती है। अधिकारी ने भी कहा, ‘कंपनी ने काफी जमीन होने का दावा किया था, लेकिन असल में उसके पास बिल्कुल भी जमीन नहीं है। ऐसे में अर्न्स्ट ऐंड यंग ने किस बुनियाद पर उसकी कीमत लगाई?
झूठी कीमत लगाने की वजह से इस कंपनी के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।’ मायटास प्रॉपर्टीज पर निगाह रखने वाले एक अन्य व्यक्ति ने इस बात की तस्दीक की कि कंपनी के पास किसी तरह का लैंड बैंक नहीं है। उसने कहा, ‘अगर वाकई इस कंपनी के पास लैंड बैंक यानी जमीन होती, तो उसे उन मुश्किलों से दोचार ही क्यों होना पड़ता, जो आज उसके सामने हैं।’
इस बीच मायटास प्रॉपर्टीज के एक अधिकारी ने सरकार के दावों को गलत बताया। उसने नाम छिपाते हुए बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया, ‘सरकार के नियमों के मुताबिक कोई भी प्रॉपर्टी डेवलपर अपने पास सैकड़ों या हजारों एकड़ जमीन नहीं रख सकता और न ही उसे अपने नाम पर रजिस्टर करा सकता है।
सरकारी अधिकारी का यह दावा कि मायटास प्रॉपर्टीज के पास लैंड बैंक नहीं है, झूठा और आधारहीन है। जमीन को कई साल तक अपने पास रखना भी व्यावहारिक नहीं है। डेवलपर जमीन के मालिक से समझौता करते हैं, जिनके तहत जमीन किसी और को नहीं बेची जा सकती।’
बताया खुद को पाकसाफ
अर्न्स्ट ऐंड यंग ने इस बारे में खुद को पाकदामन बताते हुए कहा कि पेशेवर मानकों का इस्तेमाल करते हुए ही कंपनी की कीमत तय की गई थी। कंपनी ने कहा कि अपने काम की सच्चाई और गुणवत्ता पर उसे पूरा भरोसा है।
फर्म ने यह भी कहा कि भारतीय रियल एस्टेट क्षेत्र में जो चलन है, उसके मुताबिक मायटास प्रॉपर्टीज या उसकी सहयोगी कंपनियों के पास या तो जमीन थी या उसके विकास के अधिकार थे। कीमत तय करते समय उन्हें भी शामिल किया गया और उसकी रिपोर्ट में वही दिया गया है।
सरकार अभी यह तय नहीं कर पाई है कि ऑडिट फर्म के खिलाफ किस एजेंसी से कार्रवाई करने को कहा जाए। मंत्रालय के अधिकारी ने भी इस बारे में कुछ कहने से इनकार कर दिया। सत्यम की बोर्ड बैठक में पिछले साल 16 दिसंबर को मायटास प्रॉपर्टीज की कीमत 6,523 करोड़ रुपये बताई गई थी और कहा गया था कि उसके पास 6,800 करोड़ एकड़ जमीन है।
अर्न्स्ट ऐंड यंग ने इससे पहले बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया था कि उसने मायटास प्रॉपर्टीज की किसी भी विशेष उद्देश्य वाली कंपनी या सहायक कंपनी के खाते ऑडिट नहीं किए हैं। उसने सत्यम के लिए इस कंपनी का मूल्यांकन करने की बात से भी इनकार किया था।
क्या है लैंड बैंक का सच
रिपोर्ट में 6,800 करोड़ एकड़ जमीन
सरकार के मुताबिक लैंड बैंक नहीं
कंपनी झुठला रही है दावा
ऑडिट फर्म अर्न्स्ट ऐंड यंग पर खतरा

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First Published - April 18, 2009 | 7:09 PM IST

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