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अल्ट्रावायलेट अगले साल उतारेगी टेस्सेरैक्ट इलेक्ट्रिक स्कूटर, 10,000 यूनिट मासिक उत्पादन का लक्ष्य

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शुरुआती चरण में टेस्सेरैक्ट का उत्पादन कर्नाटक में कंपनी के मौजूदा विनिर्माण संयंत्र में किया जाएगा, क्योंकि इस संयंत्र में लॉन्चिंग के समय की मांग को संभालने की क्षमता है

Last Updated- September 10, 2026 | 11:00 PM IST
Electric Two-Wheelers
प्रतीकात्मक तस्वीर

इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता अल्ट्रावायलेट ऑटोमोटिव अगले साल से उत्पादन क्षमता बढ़ाने के लिए स्कूटर सेगमेंट में प्रवेश कर रही है। बेंगलूरु की कंपनी होसुर के नए विनिर्माण संयंत्र को शीघ्र शुरू करने और पुराने मोटरसाइकल कारोबार से आगे विस्तार की तैयारी कर रही है।

सह-संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नारायण सुब्रमण्यम ने कहा कि कंपनी अगले वर्ष की पहली तिमाही में अपना टेस्सेरैक्ट इलेक्ट्रिक स्कूटर बाजार में उतारेगी। इसका प्रति माह उत्पादन लगभग 10,000 वाहन तक बढ़ने की संभावना है। जब कंपनी बड़े पैमाने पर कारोबार करने लगेगी तो उसकी कुल वाहन संख्या में स्कूटर और मोटरसाइकलों की हिस्सेदारी 50-50 फीसदी होने की उम्मीद है।

शुरुआती चरण में टेस्सेरैक्ट का उत्पादन कर्नाटक में कंपनी के मौजूदा विनिर्माण संयंत्र में किया जाएगा, क्योंकि इस संयंत्र में लॉन्चिंग के समय की मांग को संभालने की क्षमता है। तमिलनाडु के होसुर में नए संयंत्र के चालू होने पर स्कूटर उत्पादन को वहां स्थानांतरित कर दिया जाएगा। इस संयंत्र के अगले 6 से 8 महीनों में चालू होने की संभावना है।

सुब्रमण्यम के अनुसार अल्ट्रावायलेट अपने इस संयंत्र में अगले पांच साल में 779 करोड़ रुपये के निवेश की योजना बना रही है। उसकी  प्रारंभिक वार्षिक उत्पादन क्षमता 2.5 लाख वाहन होगी और बाद में इसे 5 लाख तक बढ़ाया जा सकेगा।

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First Published - September 10, 2026 | 11:00 PM IST

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