सरकारी तेल मार्केटिंग कंपनी हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) अगले वित्त वर्ष में ईरान से कच्चे तेल के आयात को तिगुना करेगी। वहीं इराक से अपने आयात को घटाएगी।
सूत्रों ने बताया कि एचपीसीएल ने सावधिक सौदे के तहत वित्त वर्ष 2009-10 में ईरान की नैशनल ईरानियन ऑयल कंपनी (एनआईसीओ) से 10 लाख टन से बढ़ाकर 30 लाख टन कच्चे तेल का आयात करेगी।
कंपनी को ईरान से 30 दिन की ऋण अवधि पर कच्चा तेल मिल रहा है, जिसे 2009-10 में बढ़ाकर 90 दिन किया जाएगा। सूत्रों ने कहा कि चालू वित्त वर्ष में इराक की स्टेट ऑयल मार्केटिंग ऑर्गेनाइजेशन (एसओएमओ) से आयात को 32.5 लाख टन से घटाकर 12.5 लाख टन किया जाएगा।
एचपीसीएल की 2009-10 में कच्चे तेल की कुल जरूरत 1.550 करोड़ टन आंकी गई है। कंपनी को घरेलू कच्चे तेल से आगामी वित्तीय वर्ष में 45.8 लाख टन कच्चा तेल मिलने की संभावना है।
इस हिसाब से वर्ष के दौरान उसे 1.092 करोड़ टन कच्चे तेल का आयात करने की जरूरत है। इसमें राष्ट्रीय स्तर की तेल कंपनियों से सावधिक सौदे के आधार पर 93.8 लाख टन का आयात किया जाएगा जबकि शेष 15.4 लाख टन तेल हाजिर बाजार से खरीदा जाएगा। सूत्रों ने बताया कि कंपनी 31.2 लाख टन घरेलू कच्चे तेल का प्रसंस्करण मुंबई रिफाइनरी में करेगी।