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कोविड-19 टीके का मूल्य निर्धारण जटिल विषय : कृष्ण एल्ला

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Last Updated- December 12, 2022 | 5:36 AM IST

कोवैक्सीन विनिर्माता भारत बायोटेक ने अभी तक अपने कोविड-19 टीके के लिए औपचारिक मूल्य निर्धारण नहीं किया है, लेकिन कंपनी प्रमुख कृष्ण एल्ला ने संकेत दिया है कि मूल्य निर्धारण जटिल विषय हो सकता है। एक टेलीविजन चैनल के साथ बातचीत में एल्ला ने कहा कि आदर्श रूप से वे ‘अधिकतम संभव कीमत’ लेना चाहेंगे।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कोवैक्सीन को 15 से 20 डॉलर की कीमत मिल रही है। कंपनी अपनी टीका उत्पादन क्षमता को बढ़ाकर सालाना 70 करोड़ खुराक करने की तैयारी में है तथा 60 देशों में इसके लिए मंजूरी भी ले रही है। मैक्सिको, फिलीपींस और ईरान में यह पहले से ही प्रति खुराक 15 से 20 डॉलर पा रही है।
हैदराबाद स्थित भारत बायोटेक के मुख्य प्रबंध निदेशक एल्ला ने कहा, ‘कंपनी के रूप में हम अधिकतम संभव कीमत प्राप्त करना चाहेंगे। हम क्लीनिकल परीक्षण और अन्य चीजों में किया गया व्यय वसूलना चाहेंगे। हम आरऐंडडी में दोबारा पैसा निवेश करना चाहते हैं और भविष्य की वैश्विक महामारियों के लिए तैयार रहना चाहते हैं।’ भारत बायोटेक जीका, चिकनगुनिया, एच1एन1 जैसे अन्य टीकों पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि भविष्य के आरऐंडडी के लिए हमें नकदी की जरूरत है।
एल्ला ने मजाक करते हुए कहा ‘मैं अपनी कंपनी में कभी भी लाभांश नहीं देता हूं।’ एनडीटीवी से बात करते हुए कोवैक्सीन के विनिर्माता ने कहा कि मूल्य निर्धारण एक जटिल विषय है – केंद्र सरकार क्या मूल्य निर्धारण कर रही है, राज्य सरकार का मूल्य निर्धारण, निजी बाजार का मूल्य निर्धारण वगैरह।
वास्तव में अन्य टीकों की बिक्री के अपने अनुभव के आधार पर एल्ला ने महसूस किया है कि वॉल्यूम, लॉजिस्टिक्स और डिलिवरी वाले समय आदि के आधार प्रत्येक राज्य सरकार की अलग कीमत हो सकती है। एल्ला ने कहा ‘हमारे पास राज्य सरकारों के साथ काम करने का अनुभव और जानकारी है, लेकिन निजी बाजार में हम अब बच्चों के साथ (गैर-कोविड-19 टीकों के लिए) काम करते हैं। वयस्कों के साथ काम करना सबसे खतरनाक होता है।’
उन्हें यह भी लगता है कि राज्य निविदा का विकल्प चुन सकते हैं और फिर कोई टीका चुन सकते हैं। उन्होंने कहा ‘उनके पास एक लेखा प्रक्रिया होती है, इसलिए निविदा एक मार्ग हो सकती है।’
इस बीच स्पूतनिक-वी को भारत लाने वाली डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज ने कहा कि वर्तमान में वैश्विक स्तर पर स्पूतनिक-वी को प्रति खुराक 10 डॉलर या इससे अधिक की कीमतों पर बेचा जा रहा है। जहां तक भारत का संबंध है, तो हम आयातित टीके की कीमत पर बातचीत कर रहे हैं। इस संबंध में आगे कोई घटनाक्रम होता है, तो उसकी जानकारी साझा करेंगे।
सूत्रों ने कहा कि इसका मूल्य निर्धारण निजी बाजार में प्रति खुराक 10 डॉलर के आसपास हो सकता है, जबकि सरकार इसे प्रति खुराक चार डॉलर या कुछ दामों पर प्राप्त कर सकती है।

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First Published - April 22, 2021 | 11:32 PM IST

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