facebookmetapixel
Advertisement
ITR भरते समय हो गई गलती? रिटर्न जमा होने के बाद भी मिलेगा सुधार का मौका, जानें पूरा नियमजियो IPO, AI और ग्रीन एनर्जी से बदलेगी रिलायंस की तस्वीर, 5 ब्रोकरेज को दिख रहा 32% तक अपसाइडपुरानी बाइक-कार में भरवा रहे हैं E20 पेट्रोल? ₹10 हजार तक बढ़ सकता है मेंटेनेंस खर्च10 साल के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची लोन ग्रोथ, ICICI Bank, HDFC Bank और SBI बने ब्रोकरेज के टॉप पिकGold, Silver Price Today: घरेलू बाजार में सोना-चांदी उछले, विदेशी बाजार में भाव नरमतेल की कीमतें घटीं, फिर भी सरकार को हो सकता है ₹1.65 लाख करोड़ का नुकसानStock Market Update: सेंसेक्स 450 अंक उछला, निफ्टी 24,150 के पार; Tata Motors और Cipla बने स्टारDalmia Bharat का बड़ा विस्तार प्लान, जुटाएगी 4,000 करोड़ रुपयेNRI के पैसे पर RBI की पैनी नजर! अब रोजाना जारी हो सकते हैं अरबों डॉलर की आमद के आंकड़े18,000 करोड़ की AI सिटी पर बवाल! किसानों ने कहा, हमारी जमीन नहीं तो कोई सौदा नहीं

पतली हो रही तेल की धार

Advertisement
Last Updated- December 07, 2022 | 3:03 PM IST

चीन में खाद्य तेल के प्रवाह की धार मजबूत होने से भारतीय बाजार में तेल की कीमत की धार पतली होती जा रही है। पामोलीन तेल का बाजार 25-40 फीसदी तक गिर चुका है।


चीन में 8 अगस्त से ओलंपिक खेल शुरू होने जा रहा है। लिहाजा चीन खाद्य तेल के दाम को स्थिर रखने के लिए अपने बफर स्टॉक को लगातार जारी कर रहा है। इस कारण मलेशिया में  क्रूड पामोलीन ऑयल (सीपीओ) का स्टॉक बढ़ता जा रहा है और कीमत घटती जा रही है।

पामोलीन के आयातकों के मुताबिक फिलहाल चीन के स्टॉक खाली करने के कारण पामोलीन के दाम में इतनी गिरावट आयी है। आयातक हरमीत खुराना कहते हैं, ‘अंतरराष्ट्रीय बाजार में आपूर्ति काफी अच्छी है। जबकि उस मुकाबले खरीद की गति धीमी है। चीन पामोलीन का सबसे बड़ा आयातक है और वह इन दिनों तेल खरीदने की जगह अपने बफर स्टॉक को निकाल रहा है।’

उनके मुताबिक पामोलीन की कीमत 4300 रिंगिट प्रति टन के स्तर पर चली गयी थी जो गिरकर 2850 के स्तर पर आ गयी है। मलेशिया में सीपीओ के भाव लगातार गिर रहे है। दिल्ली वेजिटेबल ऑयलग ट्रेडर्स एसोसिएशन (डिवोटा) के महासचिव हेमंत गुप्ता क हते हैं, ‘सिर्फ चार दिनों में 12 रुपये प्रति किलोग्राम की कमी आ चुकी है। चार दिन पहले जो कीमत 54.50 रुपये प्रति किलोग्राम थी वह 42.50 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर आ गयी हैं।’

Advertisement
First Published - August 5, 2008 | 12:47 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement