खेतिहर और ग्रामीण मजदूरों के लिए खुदरा मुद्रास्फीति सितंबर महीने में बढ़कर क्रमश
अगस्त महीने में यह क्रमश: 9.18 प्रतिशत तथा 9.34 प्रतिशत थी।
आलोच्य महीने में प्रमुख खाद्य फसलों की कीमतों में तेजी के कारण इस मुद्रास्फीति मंे बढोतरी दर्ज की गई।
सरकारी बयान में कहा गया है कि सितंबर महीने में चावल, गेहूं, आटा, बाजरा, दाल, सरसों तेल, सब्जियां व फल, चीनी, गुड़ तथा सूत के दाम बढ़े।
उपभोक्ता मूल्य संचका के खाद्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति सितंबर 2012 में खेतिहर और ग्रामीण मजदूरों के लिए क्रमश: 9.05 प्रतिशत तथा 9.20 प्रतिशत रही।