चीन ने प्रमुख भारतीय उद्योगपति रतन टाटा की सराहना करते हुये आज कहा कि रतन टाटा एशिया के दोनों प्रमुख देशों के बीच बेहतर संबंध बनाने में सकारात्मक भूमिका निभा रहे हैं।
भारत-चीन युद्ध के 50 साल पूरे होने के अवसर पर शांगहाए के एक अखबार लिबरेशन डेली ने भारत-चीनी गठजोड़ को मजबूत करने के संबंध में टाटा का विस्तार से उल्लेख किया।
अखबार ने टाटा समूह के अध्यक्ष के बयानों का उल्लेख किया जिनमें उन्होंने भारत और चीनी कंपनियों के बीच मजबूत गठजोड़ का आह्वान किया है।
अखबार में कहा गया ज्यादा वक्त नहीं हुआ जबकि भारत की निजी क्षेत्र की सबसे बड़ी कंपनी - टाटा समूह - के प्रमुख रतन टाटा ने कहा था कि भारत को चीन के बढ़ती आर्थिक ताकत से परेशान नहीं होना चाहिए बल्कि चीन के साथ संबंध मजबूत करने पर ध्यान देना चाहिए।
पत्र ने कहा है दुनिया की दो बड़ी ताकतों भारत और चीन के बीच ऐसे संबंध होने चाहिये जैसे दो सहयोगियों के बीच होते हैं। पत्र ने कहा है भारत के लिये यह उपयुक्त होगा कि वह चीन के साथ इस तरह के संबंध विकसित करे।
पत्र ने टाटा की टिप्पणी को सकारात्मक और सीधी बात और काबिलेगौर बताते हुये कहा है इनका कमजोशाी के स्वागत है।
भाषा