राष्ट्रीय महिला आयोग
एनसीडब्ल्यू की सदस्य चिरूवाली खन्ना ने राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ मुलाकात के बाद संवाददाताओं से कहा, मैंने पुलिस महानिदेशक और राज्य के मुख्य सचिव को सुझाव दिया है कि पिपली पीडि़ता के परिजनों को सुरक्षा दें । खतरे के कारण मृतक लड़की के पिता और भाई अपने गांव नहीं लौट रहे हैं ।
खन्ना ने कल रात पिपली थाने के अर्जुनगड़ा गांव में मृतका की मां से मुलाकात की । उन्होंने कहा कि परिवार भयाक्रंात है । भले ही उसकी मां गांव में रह रही है लेकिन उसके पिता और भाई भय के कारण अब भी भुवनेश्वर में रह रहे हैं ।
एनसीडब्ल्यू सदस्य ने मृतका के पिता बाबुली बेहरा से आज सुबह खांदागिरी के नजदीक घाटिकिया गांव में मुलाकात की । इसके बाद उन्होंने राज्य सरकार से कहा कि पीडि़ता के परिजनों को सुरक्षा दें ।
उन्होंने कहा, पीडि़ता के परिजनों को पिपली इलाके के कुछ प्रभावशाली नेताओं की धमकी मिल रही है, इसलिए वे गांव लौटने से डर रहे हैं ।
बहरहाल उन्होंने दलित लड़की के पिता और भाई को धमकी देने वाले नेताओं के नामों का खुलासा नहीं किया ।
पिपली की 19 वर्षीय दलित लड़की की छह महीने कोमा में रहने के बाद मौत हो गई थी । लड़की से कथित तौर पर बलात्कार हुआ था और उसकी हत्या का प्रयास किया गया था । बाद में उसकी मौत हो गई ।