US-Iran Peace Talks: पश्चिम एशिया में जारी तनाव को खत्म करने के लिए अमेरिका और ईरान के बीच स्विट्जरलैंड में प्रस्तावित वार्ता फिलहाल टल गई है। इस घटनाक्रम ने क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित होने की संभावनाओं को लेकर नई अनिश्चितता पैदा कर दी है। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने भी स्विट्जरलैंड की अपनी प्रस्तावित यात्रा रद्द कर दी है।
व्हाइट हाउस की ओर से कहा गया कि बातचीत की तैयारियां लगातार चल रही थीं, लेकिन इस तरह की कूटनीतिक प्रक्रियाओं में व्यवस्थागत चुनौतियां और बदलाव असामान्य नहीं हैं। अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल आवश्यक तैयारियों के साथ रवाना होने के लिए तैयार था, लेकिन अंतिम रूप नहीं दिए जाने के कारण यात्रा नहीं हो सकी।
स्विट्जरलैंड के विदेश मंत्रालय ने बताया कि बर्गेनस्टॉक रिजॉर्ट में प्रस्तावित बैठक नहीं होगी, हालांकि इसके पीछे की वजह नहीं बताई गई।
वहीं, ईरान की ओर से इस पर तुरंत कोई प्रतिक्रिया नहीं आई। इससे पहले ईरान ने कहा था कि वह तकनीकी स्तर की बातचीत शुरू करने के लिए तैयार है। बुधवार को हुए 14 सूत्रीय समझौते के बाद संघर्षविराम को कम से कम 60 दिनों तक बढ़ा दिया गया था।
ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी तस्नीम के मुताबिक, ईरान पहले यह देखना चाहता था कि अंतरिम समझौते के तहत अमेरिका अपने वादों को लागू करने की दिशा में क्या कदम उठाता है। इसी वजह से यह भी स्पष्ट नहीं था कि ईरानी प्रतिनिधिमंडल वार्ता के लिए स्विट्जरलैंड जाएगा या नहीं।
वहीं, अमेरिकी अधिकारियों ने कहा था कि अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते पर औपचारिक हस्ताक्षर समारोह स्विट्जरलैंड में आयोजित किया जाएगा। हालांकि, ईरान के विदेश मंत्रालय ने इस योजना पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब दोनों देशों के राष्ट्रपति पहले ही समझौते पर हस्ताक्षर कर चुके हैं, तो अलग से समारोह की कोई जरूरत नहीं है।
गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर किए गए हवाई हमलों के बाद शुरू हुए युद्ध में अब तक कम से कम 7,000 लोगों की मौत हो चुकी है। इस संघर्ष के कारण ऊर्जा की कीमतों में तेज बढ़ोतरी हुई है और वैश्विक बाजारों में भी अस्थिरता देखने को मिली है।