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2030 तक 1 लाख करोड़ डॉलर सेवा निर्यात के लक्ष्य की ओर

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Last Updated- December 11, 2022 | 11:39 PM IST

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने आज कहा कि भारत 2030 तक एक लाख करोड़ डॉलर के सेवा निर्यात के महत्त्वाकांक्षी लक्ष्य को हासिल करने की तरफ बढ़ रहा है।
सेवा निर्यात संवर्धन परिषद (एसईपीसी) के वैश्विक सेवा सम्मेलन-2021 को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि घरेलू कानून सेवा क्षेत्र को खोले जाने से भारत के वकीलों को लाभ होगा क्योंकि उन्हें यूरोप, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका जैसे देशों में अपार अवसल मिलेगा। बहरहाल इस मसले पर भारत के वकीलों को भरोसे में लिए जाने की जरूरत है।
उन्होंने कहा, ‘मुझे निजी तौर पर लगता है कि भारत में कानूनी सेवा क्षेत्र को खोलना देश के वकीलों के लिए ही फायदेमंद होगा। इसकी वजह यह है कि अमेरिका या यूरोप से कोई वकील भारत में आकर यहां की शुल्क दरों के हिसाब से प्रैक्टिस नहीं करने वाला है। लेकिन भारत के वकीलों के कौशल को देखते हुुए उनके लिए यूरोप, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका और यहां तक कि पूरी दुनिया में अपार संभावना है।’
 गोयल ने आगे कहा कि ऐसे समय में जब अन्य देशों में सेवा कारोबार कोविड के कारण प्रभावित हुआ है, भारत के सेवा क्षेत्र ने बेहतर प्रदर्शन किया है। उन्होंने कहा कि सेवा निर्यात में मुख्य रूप से आईटी एवं आईटीईएस ही हैं लेकिन संभावित वृद्धि वाले अन्य क्षेत्रों पर भी ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि कोविड-19 के कारण प्रभावित हुए पर्यटन एवं आतिथ्य क्षेत्र में सुधार के संकेत दिख रहे हैं।
सरकार की तरफ से प्रोत्साहन देने की मांग पर उन्होंने कहा कि छोटे टुकड़ों से बात नहीं बनेगी।

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First Published - November 9, 2021 | 11:49 PM IST

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