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SCO शिखर सम्मेलन के लिए पाकिस्तान पहुंचे विदेशी प्रतिनिधिमंडल; इस्लामाबाद में सुरक्षा बढ़ाई गई

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चीन से 15 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल, किर्गिस्तान से चार सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल और ईरान से दो सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल भी इस्लामाबाद पहुंचा है।

Last Updated- October 13, 2024 | 8:45 PM IST
Foreign delegation reached Pakistan for SCO summit; Security increased in Islamabad

शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन के लिए विदेशी प्रतिनिधिमंडलों ने रविवार को पाकिस्तान पहुंचना शुरू कर दिया और कार्यक्रम के दौरान कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए राष्ट्रीय राजधानी इस्लामाबाद में सेना की तैनाती के साथ कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है।

‘जियो न्यूज’ ने हवाई अड्डा सूत्रों के हवाले से बताया कि रूस का 76 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल और एससीओ के सात प्रतिनिधि पाकिस्तान पहुंचे हैं। इसके अलावा भारत का चार सदस्यीय आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल भी पाकिस्तान पहुंच गया है।

चीन से 15 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल, किर्गिस्तान से चार सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल और ईरान से दो सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल भी इस्लामाबाद पहुंचा है। एससीओ के सदस्य देशों के शासनाध्यक्षों की 23वीं बैठक 15 और 16 अक्टूबर को इस्लामाबाद में होगी जिसके लिए अधिकारियों ने कड़े सुरक्षा प्रबंध किए हैं।

इस्लामाबाद के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) नासिर अली रिजवी ने एक बयान में कहा कि संघीय राजधानी में होने वाले महत्वपूर्ण शिखर सम्मेलन से पहले एक ‘‘व्यापक’’ सुरक्षा योजना तैयार की गई है। उन्होंने बताया कि सुरक्षा कर्मियों को होटलों और उन स्थानों पर तैनात किया जाएगा जहां विदेशी प्रतिनिधिमंडल ठहरे हुए हैं।

उन्होंने कहा कि वे विदेशी नेताओं, प्रतिनिधिमंडलों और मेहमानों की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। रिजवी ने बताया कि तलाशी और सूचना-आधारित अभियान चलाए जा रहे हैं और पाकिस्तानी सेना, खुफिया एजेंसियां, फ्रंटियर कोर (एफसी) एवं रेंजर्स के कर्मियों को तैनात किया गया है।

पुलिस प्रमुख ने बताया कि सुरक्षा के लिए पुलिस बल के 9,000 से अधिक कर्मियों को तैनात किया गया है और ‘‘नागरिकों की सुविधा के लिए एक एकीकृत यातायात योजना भी जारी की गई है।’’

सरकार ने किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए राजधानी में पहले ही सेना को तैनात कर दिया है और इस्लामाबाद, पड़ोसी रावलपिंडी और कुछ अन्य शहरों में हर प्रकार के विरोध प्रदर्शनों और रैलियों पर प्रतिबंध लगाया गया है।

हालांकि, ‘पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ’ पार्टी ने जेल में बंद अपने नेता इमरान खान पर लगाए गए प्रतिबंध के खिलाफ 15 अक्टूबर को विरोध प्रदर्शन करने की धमकी दी है और मांग की है कि सरकार उन्हें अपने परिवार, कानूनी टीम और चिकित्सक से मिलने की अनुमति दे।

‘द न्यूज’ ने बताया कि पार्टी विरोध के मुद्दे पर विभाजित है और पीटीआई में कुछ तत्व विरोध के आह्वान को वापस लिए जाने के प्रयास कर रहे हैं। असद कैसर, हामिद खान और रऊफ हसन उन नेताओं में से हैं जो मानते हैं कि इस तरह का विरोध प्रदर्शन करना पाकिस्तान के हित में नहीं है। अ

ली मोहम्मद खान पीटीआई की राजनीतिक समिति का हिस्सा नहीं हैं, लेकिन वह भी 15 अक्टूबर को विरोध प्रदर्शन करने के आह्वान से नाखुश हैं। वर्ष 2001 में स्थापित एससीओ का उद्देश्य क्षेत्र में राजनीतिक, आर्थिक और सुरक्षा सहयोग को बढ़ावा देना है।

एससीओ में पाकिस्तान, चीन, भारत, रूस, ईरान, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान और बेलारूस शामिल हैं – और 16 अन्य देश पर्यवेक्षक या ‘‘वार्ता साझेदार’’ के रूप में संबद्ध हैं।

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First Published - October 13, 2024 | 8:45 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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