UPI: एग्रीगेटर भी चाह रहे एमडीआर में हिस्सा, बैंकों पर निर्भरता घटाने की मांग
भारत के भुगतान एग्रीगेटर चाहते हैं कि अगर यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) लेनदेन पर किसी भी तरह का मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) लगाया जाता है तो उसमें उन्हें भी तय हिस्सा मिले। इसके लिए भुगतान एग्रीगेटर अब साझेदार बैंकों की ओर से शुल्क का एक हिस्सा दिए जाने पर निर्भर नहीं रहना चाहते। घटनाक्रम से […]
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छोटे बॉन्ड पर सेबी का बड़ा प्रस्ताव, खत्म हो सकती है मर्चेंट बैंकर नियुक्त करने की जरूरत
बाजार नियामक सेबी ने गुरुवार को प्राइवेट प्लेसमेंट के आधार पर जारी की जाने वाली कम वैल्यू की सिक्योरिटीज के लिए लिस्टेड कंपनियों को मर्चेंट बैंकर की नियुक्ति अनिवार्य करने के नियम से छूट देने का प्रस्ताव किया। इस कदम का मकसद अनुपालन लागत कम करना और बाजार के विकास को बढ़ावा देना है। फिलहाल, […]
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रीपो रेट बढ़ाने से पहले I-CRR लागू कर सकता है RBI, लिक्विडिटी पर फोकस
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) सख्त ब्याज दर वाले दौर में मौद्रिक नीति को ज्यादा असरदार बनाने के लिए रीपो दर बढ़ाने से पहले वृद्धिशील नकद आरक्षी अनुपात (आई-सीआरआर) लागू करके बैंकिंग तंत्र में लिक्विडिटी को कम कर सकता है। इसके तहत बैंकों को नए जमा का एक बड़ा हिस्सा केंद्रीय बैंक के पास रखना होगा। […]
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क्रेडिट कार्ड कारोबार में अपनी मौजूदगी बढ़ाने के लिए सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (पीएसबी) ने एक दूसरे से साझेदारी करके को-ब्रांडेड क्रेडिट कार्ड जारी करने का प्रस्ताव किया है। इससे छोटे ऋणदाता इस क्षेत्र में स्थापित हो चुके बड़े सरकारी बैंकों के साथ क्षमता और ग्राहक आधार का लाभ उठा सकेंगे। प्रस्तावित रणनीति के तहत […]
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