सत्यम के खातों में हेराफेरी के बाद कंपनी के अंतरिम सीईओ राम मैनमपति ने सरकार को बताया कि संकटग्रस्त आईटी कंपनी को अपने अमेरिकी कर्मचारियों की बीमा देनदारी से निपटने के लिए तुरंत 150 करोड़ रुपये की जरूरत है।
आर्थिक मामलों के सचिव अशोक चावला ने इस बात की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विभाग को मैनमपति की ओर से ई-मेल मिले हैं ।
जिसमें उन्होंने इस बात के संकेत दिए हैं कि अमेरिका में कार्यरत कंपनी के कर्मचारियों के स्वास्थ्य बीमा की देनदारियों से निपटने के लिए 150 करोड़ रुपये की तत्काल जरूरत होगी।
उल्लेखनीय है कि मैनमपति अमेरिका में हैं और वे ग्राहकों से बातचीत कर रहे हैं। मैनमपति सत्यम के संस्थापक रामलिंग राजू द्वारा पिछले हफ्ते 7,800 करोड़ रुपये के वित्तीय घोटाले के खुलासे के बाद कर्मचारियों का भरोसा बहाल करने के अलावा ग्राहकों को आश्वस्त कर रहे हैं कि कंपनी उनका सेवा बरकरार रखने में समर्थ है।
चावला ने कहा कि सत्यम को सरकारी राहत देने की कोई फौरी योजना नहीं है। हालांकि वाणिज्य और उद्योग मंत्री कमल नाथ ने संकेत दिया था कि सरकार कंपनी को वित्तीय सहायता देने की इच्छुक है।