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डॉलर की मजबूती से रुपया 59 पैसे टूटा, तीन सप्ताह की सबसे बड़ी गिरावट 

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मौजूदा कैलेंडर वर्ष में अब तक इसमें 5.64 फीसदी की गिरावट आई है जबकि पिछले एक साल में डॉलर के मुकाबले स्थानीय मुद्रा 10.2 फीसदी कमजोर हुई है

Last Updated- July 02, 2026 | 12:00 AM IST
Rupee vs Dollar

बुधवार को रुपये में करीब तीन हफ्ते में सबसे बड़ी एक दिवसीय गिरावट दर्ज की गई। डॉलर के मजबूत होने और एशियाई मुद्राओं के कमज़ोर पड़ने के कारण अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 0.61 फीसदी कमजोर हुआ। घरेलू मुद्रा 95.25 प्रति डॉलर पर बंद हुई, जो पिछले बंद भाव 94.66 प्रति डॉलर से 59 पैसे कम है।

मौजूदा कैलेंडर वर्ष में अब तक इसमें 5.64 फीसदी की गिरावट आई है जबकि पिछले एक साल में डॉलर के मुकाबले स्थानीय मुद्रा 10.2 फीसदी कमजोर हुई है। मौजूदा वित्त वर्ष की शुरुआत से यह 0.46 फीसदी कमजोर हुई है। यह गिरावट तब आई जब अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड बढ़ने के बाद प्रमुख मुद्रा के मुकाबले डॉलर मजबूत हुआ जबकि ज़्यादातर एशियाई मुद्रा भी कमजोर हुईं। ट्रेडरों का कहना है कि डॉलर में शॉर्ट कवरिंग, तेल आयातकों और कंपनियों की लगातार मांग और विदेशी पोर्टफोलियो की रकम निकासी की वजह से स्थानीय मुद्रा पर और दबाव पड़ा।

एचडीएफसी सिक्योरिटीज के शोध विश्लेषक दिलीप परमार ने कहा, शॉर्ट कवरिंग और प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर के मजबूत होने के दबाव में भारतीय रुपया लगातार तीसरे सत्र में कमजोर हुआ। एशियाई मुद्रा में और कमजोरी ने भी रुपये पर दबाव डाला। उन्होंने कहा कि 95 के स्तर के टूटने से बाजार का सेंटिमेंट कमजोर हुआ है। परमार ने कहा, आने वाले समय में हाजिर रुपया 95.80 प्रति डॉलर पर प्रतिरोध का सामना कर सकता है जबकि 94.60 प्रति डॉलर पर इसे समर्थन मिलने की उम्मीद है।

बेंचमार्क 10 साल के सरकारी बॉन्ड पर यील्ड भी थोड़ी बढ़कर 6.76 फीसदी पर बंद हुई, जो पिछले बंद स्तर से एक आधार अंक ज्यादा है। मौजूदा कैलेंडर वर्ष में बेंचमार्क यील्ड 17 आधार अंक बढ़ी है। हालांकि, मौजूदा वित्त वर्ष में इसमें 28 आधार अंकों की गिरावट आई है।

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First Published - July 2, 2026 | 12:00 AM IST

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