नकदी संकट के जूझ रही किंगफिशर एयरलाइन्स को रिण देने वाले बैंकों ने आज कंपनी की मुंबई और गोवा की 120 करोड़ रुपए की दो परिसंपत्तियां बेचने का संकेत दिया है । इन बैंकों का एयरलाइन पर 7,500 करोड़ रुपए का कर्ज बकाया है।
बैंकिंग सूत्रों के मुताबिक 17 बैंकों के कंसोर्टियम ने एचडीएफसी सीक्योरिटीज को इन दो परिसंपत्तियों के मूल्यांकन का जिम्मा दिया है।
किंगफिशर जनवरी से कर्ज की किश्तें नहीं चुका पा रही है। उसने कुछ महीने पहले ही इन परिसंपत्तियों - मुंबई के किंगफिशर हाउस और गोवा के विला - को रिणदाता बैंकौंं को बेचने का प्रस्ताव किया था।
बैंकरों के मुताबिक किंगफिशर के अंधेरी स्थिति किंगफिशर हाउस का बाजार मूल्य 90 करोड़ रुपए और गोवा के विला की कीमत 30 करोड़ रुपए है।
विमानन कंपनी के प्रवक्ता ने आज अपराह्न एक बयान में कहा कर्मचारियों के हमारे नए दफ्तर द क्यूब :मुंबई: में चले जाने के कारण मुंबई का किंगफिशर हाउस खाली है और उसी समय अपने समझौते के मुताबिक हमने अपनी इस परिसंपत्ति को बेचने का प्रस्ताव किया था। आज की बैठक में हमने हीइस मामले को उठाया।
विमानन कंपनी ने दावा किया कि आज की बैठक पहले से तय थी और इस में बैंकों को जानकारी देनी थी। सुधार प्रक्रिया शुरू करने के बारे में कोई चर्चा नहीं हुई।
बैंकों ने नवंबर 2010 में कंपनी के रिण का पुनर्गठन किया है।