नकदी की किल्लत से जूझ रही सत्यम कंप्यूटर सर्विसेज ने रकम की जुगाड़ के लिए अब बैंकों और अपने ग्राहकों से गुहार लगाना शुरू कर दिया है।
कंपनी देश-विदेश में अपने ग्राहकों से बकाया भुगतान जल्द से जल्द चुकाने के लिए अपील कर रही है। सत्यम के निदेशक मंडल के सदस्य दीपक पारेख ने बताया कि सभी ग्राहकों से जल्द से जल्द बकाया भुगतान करने के लिए कहा गया है।
उन्होंने बताया कि कंपनी की सेल्स टीम को ग्राहकों से बकाया वसूलने के लिए कह दिया गया है। इसके अलावा बैंकों से भी बात चल रही है, लेकिन खातों की दोबारा जांच के बिना बैंक शायद ही सत्यम को पैसा दें। इसीलिए ग्राहकों से वसूली समेत तमाम विकल्प आजमाए जा रहे हैं।
पारेख ने बताया कि मौजूदा नकदी से जनवरी में तो कंपनी का काम किसी तरह चल जाएगा, लेकिन आगे का रास्ता बहुत मुश्किल भरा हो सकता है। सत्यम के पास बैंकों का पैसा फंसा होने के बारे में उन्होंने महज इतना कहा कि सभी बैंकों की रकम सुरक्षित है।
पारेख ने बताया कि निदेशक मंडल की 22 और 23 जनवरी को होने वाली बैठक में तमाम मसलों पर बातचीत की जाएगी। इसमें ऑडिटर के नाम पर भी चर्चा की जाएगी। हालांकि उन्होंने बताया कि प्राइसवाटर हाउस ही कंपनी की ऑडिटर बनी रहेगी।
गौरतलब है कि हाल ही में बोर्ड ने केपीएमजी और डेलॉइट को यह काम सौंपने की बात कही थी। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात को देखते हुए बोर्ड किसी निवेश बैंक की नियुक्ति भी कर सकता है। उन्होंने बताया कि बोर्ड को सीईओ के पद के लिए अब तक 40 आवेदन मिल चुके हैं।