भारत में 50 लाख छोटे उद्यमियों ने अगले एक साल में कम्प्यूटर की खरीदारी पर भारी-भरकम निवेश करने की योजना बनाई है। फिलहाल ये 22 फीसदी छोटी इकाइयां कम्प्यूटर की सुविधा से वंचित हैं।
न्यूयार्क स्थित एक्सेस मार्केट्स इंटरनेशनल (एएमआई) पार्टनर्स द्वारा हाल ही में किए गए एक अध्ययन के मुताबिक इस खरीदारी से सॉफ्टवेयर, सेवाएं, सुरक्षा जैसी आईटी श्रेणियों में भी निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
एएमआई पार्टनर्स के विश्लेषक दीपेन्द्र मित्रा कहते हैं, ‘मौजूदा आर्थिक संकट में अधिकतर व्यवसाय लागत में कटौती की संभावना तलाश रहे हैं और इसके परिणामस्वरूप पर्सनल कम्प्यूटर (पीसी) आधारित छोटे व्यवसाय मौजूदा पीसी के इस्तेमाल को व्यापक बना रहे हैं।’
मित्रा ने कहा, ‘गैर-पीसी व्यवसाय भारत में विकास के वाहक हैं। यदि महज 25 लाख गैर-पीसी-आधारित उद्यम भी पीसी खरीदते हैं तो यह भारतीय आईटी उद्योग को काफी हद तक बढ़ावा मिलेगा।’
फिलहाल सभी उद्यमों में से सिर्फ एक-तिहाई ही पीसी का इस्तेमाल करते हैं। इसकी एक प्रमुख वजह छोटे उद्योगों के बीच पीसी की उपयोगिता की जानकारी का अभाव है।
एएमआई के एक ताजा सर्वेक्षण में पाया गया कि 55 फीसदी से अधिक छोटे उद्यमी यह सोचते हैं कि उनके व्यवसाय में पीसी का इस्तेमाल अप्रासंगिक है।
सर्वेक्षण के मुताबिक तब पीसी खरीदने की योजना के बारे में पूछा गया तो एक-तिहाई छोटे उद्यमियों ने कहा कि उन्होंने पीसी खरीदने की कोई योजना नहीं बनाई है।
मित्रा ने कहा, ‘हालांकि अब नजरिया बदल रहा है और इन गैर-पीसी उद्यमियों में से लगभग एक-चौथाई का कहना है कि पीसी से उनके कारोबार को और अधिक पेशेवर बनाया जा सकता है। वहीं 20 फीसदी छोटे उद्यमियों ने कहा कि पीसी उनके कर्मचारियों की उत्पादकता बढ़ाएंगे और इनके इस्तेमाल से व्यवसाय में दक्षता बढ़ेगी।’
एएमआई के सर्वेक्षण में एक गैर-पीसी व्यवसायों की एक विशेष श्रेणी का पता लगाया गया जिसे ‘कंसर्न्ड नन-पीसी स्मॉल बिजनेसेस’ के तौर पर वर्गीकृत किया गया। इन व्यवसायों को छोटे व्यवसायों के रूप में परिभाषित किया गया है।
इन छोटे उद्यमों ने मौजूदा आर्थिक परिदृश्य को लेकर चिंता प्रकट की है और कहा है कि अगले 12 महीने में हालात और बदतर हो जाएंगे।
एएमआई के मुताबिक भारत में 90 फीसदी गैर-पीसी उद्यमों ने कहा है कि वे स्थानीय कम्प्यूटर स्टोर से पीसी की खरीदारी करने को इच्छुक हैं।
रिटेल कम्प्यूटर स्टोर मालिक कम्प्यूटर खरीदारी के दौरान उद्यमियों को काउंटर पर खरीद, विभिन्न ब्रांडों और मॉडलों के चयन आदि जैसे विकल्प मुहैया करा रहे हैं।
यही नहीं, पुराने कम्प्यूटरों के स्थानीय विक्रेता और कम्प्यूटर निर्माण में लगे लोग भी गैर-पीसी उद्यमों के बीच दूसरा पसंदीदा मंच बने हुए हैं।