मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट विद्या प्रकाश ने 2005 में सिंह के फोन अवैध तरह से टैप करने के अनेक आरोपियोंं को नोटिस जारी किये और पुलिस की अर्जी पर उनके जवाब मांगे।
पुलिस ने अदालत में दलील दी थी कि भूषण ने आरोप लगाया था कि अमर सिंह की सीडी से बातचीत के कुछ अंश उठाकर पैदा किये गये विवाद में उनका नाम खींचा गया है।
भूषण का यह भी आरोप था कि सीडी में उनकी सपा अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव और अमर सिंह से दर्शाई कथित बातचीत का मकसद मजबूत लोकपाल विधेयक के अभियान को बदनाम करना था।
अदालत ने अमर सिंह के फोन टैपिंग मामले से जुड़े जांच अधिकारी से भी जवाब दाखिल करने को कहा।
वर्ष 2011 के शांति भूषण सीडी मामले की जांच कर रही दिल्ली पुलिस की विशेष शाखा के एक आवेदन पर अदालत ने उक्त आदेश दिया।