केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी बिज़नेस स्टैंडर्ड मंथन 2026 में अपनी बात रखते हुए
भारत के अग्रणी वैचारिक लीडरशिप समिट बिज़नेस स्टैंडर्ड मंथन 2026 के पहले दिन की चर्चा व्यापार, शुल्क और प्रौद्योगिकी खास तौर पर आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) के इर्द-गिर्द रही।
नई दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे दो दिवसीय ‘मंथन’ का विषय ‘मेकिंग इंडिया फ्यूचर रेडी’ यानी भारत को भविष्य के लिए तैयार करना है। समिट में चर्चा के केंद्र में आर्टिफिशल इंटेलिजेंस, जनसांख्यिकी लाभ के साथ-साथ बुनियादी ढांचा और कृषि जैसे क्षेत्र शामिल हैं।
इस वैचारिक समिट में आज सरकार, नीति और उद्योग के दिग्गज विभिन्न विषयों पर चर्चा करने के लिए एक मंच पर आए। समिट में बाजार पर एआई का असर, एफएमसीजी क्षेत्र का नए सिरे से विकास, कृषि क्षेत्र में हो रहे बदलाव, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और भारत का मुक्त व्यापार समझौते का सफर जैसे विषयों पर विचारोत्तेजक चर्चा हुई।
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि कोई भी देश दुनिया से जुड़े बिना विकसित नहीं हुआ है। उन्होंने जोर देकर कहा कि उथल-पुथल भरे दौर में भारत दुनिया को जबरदस्त भरोसा दे रहा है। गोयल ने कहा कि स्थिति स्पष्ट होने के बाद अमेरिका के साथ व्यापार करार पर बातचीत फिर से शुरू हो जाएगी।
कृषि और किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने खाद्य सुरक्षा, मुक्त व्यापार समझौते, आजीविका के मौकों के बारे में बात की।
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने इंजीनियरिंग, शिक्षा और क्रियान्वयन के जरिये सड़क सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित किया।
आईटीसी जैसी एफएमसीजी कंपनी से लेकर एथर एनर्जी जैसी नई पीढ़ी की कंपनियों की चर्चा में प्रौद्योगिकी और भारत की विविधता का मुद्दा छाया रहा। उद्योग 5.0 में विनिर्माण एवं स्वचालन के भविष्य की झलक पेश की गई जो पूरी तरह प्रौद्योगिकी को इंसानी सूझबूझ के साथ दुनिया भर में मुकाबला करने वाली, भविष्य के लिए तैयार कंपनियां बनाने के बारे में है। कुल मिलाकर सभी चर्चा में इस बात पर जोर दिया गया।