शेयर बाजार में सोमवार को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स करीब 916 अंक यानी 1.21 फीसदी चढ़कर कारोबार करता दिखा, लेकिन इस तेजी के बीच सरकारी बिजली कंपनी NTPC का शेयर ज्यादा दम नहीं दिखा पाया। दोपहर करीब 11:30 बजे NTPC का शेयर बीएसई पर 389.85 रुपये के आसपास कारोबार कर रहा था और इसमें सिर्फ 0.36 फीसदी की हल्की बढ़त थी।
यानी साफ है कि बाजार में बड़ी तेजी के बावजूद NTPC का शेयर फिलहाल सीमित दायरे में ही ट्रेड कर रहा है। हालांकि, कंपनी के मार्च तिमाही नतीजों के बाद कई बड़े ब्रोकरेज हाउस अब भी इस शेयर को लेकर पॉजिटिव नजर आ रहे हैं। वजह है कंपनी का तेजी से बढ़ता ग्रीन एनर्जी कारोबार, रिकॉर्ड कैपेसिटी एडिशन और आने वाले सालों के बड़े प्रोजेक्ट्स।
NTPC ने FY26 में रिकॉर्ड 9,618 मेगावाट क्षमता जोड़ी है। इसमें रिन्यूएबल एनर्जी का बड़ा योगदान रहा। कंपनी अब सिर्फ कोयला आधारित बिजली कंपनी नहीं रहना चाहती, बल्कि सोलर, विंड, बैटरी स्टोरेज और न्यूक्लियर पावर जैसे नए क्षेत्रों में तेजी से विस्तार कर रही है। यही वजह है कि लंबी अवधि के निवेशकों की नजर अब भी इस स्टॉक पर बनी हुई है।
हालांकि, कुछ चुनौतियां भी हैं। मार्च तिमाही में बिजली की मांग थोड़ी कमजोर रही, जिसका असर उत्पादन पर दिखा। कंपनी के कोयला आधारित प्लांट्स का PLF यानी प्लांट लोड फैक्टर भी पिछले साल के मुकाबले घटा। इसी वजह से कंपनी की आय और ऑपरेटिंग प्रदर्शन पर दबाव देखने को मिला।
एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग ने NTPC पर ‘BUY’ रेटिंग बरकरार रखी है और 423 रुपये का टारगेट दिया है। ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी का अगला ग्रोथ फेज न्यूक्लियर, रिन्यूएबल और स्टोरेज बिजनेस से आएगा। ब्रोकरेज के मुताबिक, NTPC की कुल ग्रुप कैपेसिटी अब 90 गीगावाट के पार पहुंच चुकी है और कंपनी के पास 34 गीगावाट से ज्यादा की मजबूत प्रोजेक्ट पाइपलाइन है। आने वाले दो सालों में भी कंपनी बड़े स्तर पर नई क्षमता जोड़ने की तैयारी में है। एंटीक ने खास तौर पर NTPC के न्यूक्लियर प्रोजेक्ट्स पर भरोसा जताया है। कंपनी का Mahi Banswara न्यूक्लियर प्रोजेक्ट भविष्य में बड़ा ग्रोथ ड्राइवर बन सकता है।
मोतीलाल ओसवाल ने NTPC पर ‘Neutral’ रेटिंग दी है और 393 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है। यानी मौजूदा स्तर से इसमें ज्यादा बड़ी तेजी की उम्मीद नहीं जताई गई है। ब्रोकरेज का कहना है कि कंपनी का मुनाफा अनुमान के मुताबिक रहा, लेकिन बिजली उत्पादन में नरमी के कारण राजस्व और EBITDA उम्मीद से कमजोर रहे।
हालांकि, रिपोर्ट में कुछ पॉजिटिव बातें भी कही गई हैं। जैसे NTPC Green Energy की बिजली उत्पादन क्षमता में FY26 के दौरान 114 फीसदी की शानदार बढ़ोतरी देखने को मिली। इसके अलावा कंपनी लगातार नई क्षमता जोड़ रही है और पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट्स पर भी तेजी से काम चल रहा है। लेकिन ब्रोकरेज ने यह भी कहा कि कंपनी के कई प्रोजेक्ट्स अभी कनेक्टिविटी और एग्जीक्यूशन से जुड़े जोखिमों का सामना कर रहे हैं।
नुवामा ने NTPC को अपना टॉप पिक बताया है और स्टॉक पर ‘BUY’ रेटिंग बनाए रखी है। ब्रोकरेज ने टारगेट प्राइस बढ़ाकर 445 रुपये कर दिया है। नुवामा का कहना है कि भले ही अभी बिजली मांग में थोड़ी नरमी हो, लेकिन लंबी अवधि में NTPC की ग्रोथ कहानी मजबूत बनी हुई है। कंपनी का ग्रीन एनर्जी कारोबार तेजी से बढ़ रहा है और अगले कुछ सालों में मुनाफे में अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
ब्रोकरेज के मुताबिक, NTPC अभी भी वैल्यूएशन के हिसाब से ज्यादा महंगा नहीं है और स्थिर रिटर्न देने वाली कंपनियों में यह मजबूत विकल्प बना हुआ है।
(डिस्क्लेमर: यहां दी गई राय ब्रोकरेज की है। बिज़नेस स्टैंडर्ड इन विचारों से सहमत होना जरूरी नहीं समझता और निवेश से पहले पाठकों को अपनी समझ से फैसला करने की सलाह देता है।)