प्रबंधन संस्थानों में दाखिले के लिए होने वाली कॉमन एंट्रैस टेस्ट (कैट) की परीक्षा इस साल भी परंपरागत तरीके से ही होगी। भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) के मुताबिक, कैट परीक्षा के इस साल ऑनलाइन होने की ज्यादा संभावना नहीं है।
आईआईएम बेंगलुरु के निदेशक पंकज चंद्रा ने बिानेस स्टैंडर्ड को बताया, ”हमें अब तक कैट की परीक्षा ऑनलाइन होने की खबर नहीं है। अभी तो इसके लिए एजेंसियों की तलाश की जा रही है। अगले कुछ हफ्तों में ही हम यह बता पाएंगे कि 2009 में कैट ऑनलाइन हो पाएगा या नहीं।”
उन्होंने आगे कहा, ”टेस्ट ऑनलाइन होगा या नहीं इसका फैसला अप्रैल में होगा। वैसे अभी इसमें 8 माह की देर है और इतना समय किसी तरह की तैयारी के लिए पर्याप्त है। यदि परीक्षा ऑनलाइन संभव न हो सकी तो फिर इस साल कागज-कलम-पेंसिल के जरिए ही टेस्ट लिया जाएगा।”
बीते दिसंबर में आईआईएम ने ऑनलाइन टेस्ट कराने के लिए एक ठेका निकाला था। इसके लिए 4 कंपनियां शॉर्टलिस्ट की गई थीं। ईटीएस प्रोमेट्रिक, पीयर्सन वीयूई, एडुक्विटी कॅरियर टेक्नोलॉजिज और एटेस्ट इन चार कंपनियों में शामिल थीं। कैट के ऑनलाइन होने का मतलब कंप्यूटर और लोकल सर्वर के जरिए किसी परीक्षार्थी का परीक्षण करना है।
आईआईएम के मुताबिक, ऑनलाइन टेस्ट का आयोजन करने के लिए बड़े पैमाने पर कंप्यूटर की जरूरत होगी। आईआईएम के एक प्राफेसर ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, ”इससे जुड़ी तमाम चीजों का इंतजाम करने में खासा वक्त लगेगा।”
एमबीए की तैयारी कराने वाले एक प्रमुख संस्थान के अधिकारी ने बताया, ”एक दिन में हम 3 लाख परीक्षार्थियों की परीक्षा लेने के लिए बातचीत कर रहे हैं। कैट जैसी परीक्षा को ऑनलाइन करने से पहले पर्याप्त बुनियादी ढांचा और सुविधाओं का इंतजाम करना होगा। लेकिन यह कुछ महीनों में संभव नहीं है।”
प्रशिक्षण संस्थान कॅरियर लॉन्चर का भी मानना है कि यदि कैट को इसी साल से ऑनलाइन करना है तो फिर छात्रों के पंजीकरण की व्यवस्था अभी से करनी होगी। कॅरियर लॉन्चर ने यह भी कहा कि कैट टेस्ट ऑनलाइन होने की दशा में छात्रों को प्रशिक्षण हेतु वह 30 लाख रुपये का निवेश करेगा। आईआईएम कलकत्ता के एक प्रोफेसर ने बताया, ”ऑनलाइन टेस्ट के बारे में हम कोई भी निर्णय अप्रैल या मई तक ही ले पाएंगे।”