हुंडई को डीजल एसयूवी से मिली रफ्तार

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 11, 2022 | 5:58 PM IST

प्रमुख वाहन कंपनी हुंडई मोटर इंडिया की बिक्री को उसके स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल (एसयूवी) के डीजल मॉडलों की दमदार मांग से रफ्तार मिल रही है। कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बिजनेस स्टैंडर्ड से कहा कि कंपनी की कुल बिक्री में डीजल मॉडलों का योगदान पिछले तीन साल की ऊंचाई पर है। कोरियाई कार विनिर्माता की स्थानीय इकाई को कड़े नियमों के बीच कार बाजार की अग्रणी कंपनी सहित अन्य कंपनियों द्वारा डीजल मॉडलों को बाजार से हटाने का फायदा मिल रहा है।
हुंडई को लोगों यात्रा रुझान में बदलाव का भी फायदा मिला है। लोग अब सड़कों पर खूब आवाजाही कर रहे हैं और वे वैश्विक महामारी से पहले के मुकाबले कहीं अधिक सड़क मार्ग से यात्रा करना पसंद कर रहे हैं। लोगों की इस प्रवृत्ति से कुल मिलाकर एसयूवी की बिक्री को रफ्तार मिल रही है। साल 2022 के पहले 5 महीनों के दौरान यात्री वाहनों की कुल बिक्री में एसयूवी का योगदान हैचबैक के मुकाबले बढ़कर 41 फीसदी हो गया। जबकि यात्री वाहनों की कुल बिक्री में हैचबैक मॉडलों का योगदान 35 फीसदी है।
हुंडई मोटर इंडिया के निदेशक (बिक्री एवं विपणन) तरुण गर्ग ने कहा कि हुंडई की कुल बिक्री मेल में डीजल वेरिएंट्स की हिस्सेदारी चालू कैलेंडर वर्ष के पहले पांच महीनों के दौरान बढ़कर 27.4 फीसदी हो गई जो कैलेंडर वर्ष 2019 में 26.9 फीसदी रही थी। यह रुझान ऐसे समय में दिख रहा है जब यात्री वाहन बाजार में डीजल मॉडलों का योगदान समान अवधि में 32.8 फीसदी से घटकर 19.5 फीसदी रह गया।
गर्ग ने कहा, ‘वर्ष 2022 के पहले पांच महीनों के दौरान हुंडई की कुल एसयूवी बिक्री में डीजल मॉडलों का योगदान करीब 46 फीसदी था जबकि पूरे 2021 के लिए यह आंकड़ा  40 फीसदी रहा था।’ उन्होंने कहा कि ईंधन प्रकार के लिए स्पष्ट रणनीति का फायदा अब मिलने लगा है। कंपनी ने एग्जीक्यूटिव सिडैन एवं एसयूवी के लिए डीजल व पेट्रोल और प्रवेश स्तर के मॉडलों के लिए पेट्रोल व सीएनजी के ईंधन विकल्प के साथ आगे बढ़ने की रणनीति अपनाई है।
हाल में लॉन्च मॉडल वेन्यू में यह रणनीति स्पष्ट तौर पर दिखती है। इसके लिए कंपनी को शनिवार तक 27,000 से अधिक बुकिंग मिल चुकी है। इसमें डीजल मॉडल का योगदान 33 फीसदी है जबकि मौजूदा मॉडल का योगदान 23 फीसदी है। गर्ग ने कहा, ‘ईंधन कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि के बीच डीजल मॉडलों की मांग बढ़ रही है जो पेट्रोल मॉडल के मुकाबले कहीं अधिक ईंधन कुशल हैं।’ इसके अलावा लोग कोविड वैश्विक महामारी के बाद की दुनिया में कहीं अधिक गाड़ी चला रहे हैं। वे अपने वाहन के साथ लगातार छोटी यात्राओं पर निकल रहे हैं।
तुसों को छोड़कर कंपनी के इस पोर्टफोलियो में शामिल अधिकतर एसयूवी मॉडलों की कुल बिक्री में डीजल मॉडलों का योगदान बढ़ता दिख रहा है। तुसों का बिक्री योगदान 67 फीसदी से घटकर 64 फीसदी रह गया। मई तक पिछले पांच महीनों के दौरान अल्कजार के लिए यह आंकड़ा 78 फीसदी रहा जबकि कैलेंडर वर्ष 2021 में यह आंकड़ा 69 फीसदी रहा था। इसी प्रकार क्रेटा का योगदान 53 फीसदी से बढ़कर 60 फीसदी और वेरना का योगदान 36 फीसदी से बढ़कर 49 फीसदी हो गया।

First Published : June 28, 2022 | 12:27 AM IST