देश भर में मौजूदा मॉल को अब ढर्रे से हटकर सोचना पड़ रहा है, ताकि मॉल में आने वाले ग्राहकों की संख्या में इजाफा हो सके।
वैश्विक वित्तीय संकट और आर्थिक मंदी के चलते ग्राहाकों के खर्च में कमी, मॉल के किरायों में मोल-भाव ने जहां मॉल मालिकों की नींद उड़ाई है, वहीं हाल में हुए आतंकी हमलों की वजह से भी सार्वजनिक स्थानों पर लोगों के डर ने उन्हें कुछ नया सोचने के लिए मजबूर किया है।
कुटॉन्स रिटेल के अध्यक्ष बलविंदर सिंह अहलुवालिया का मानना है कि मॉल में आने वाले लोगों की संख्या 25 से 30 पफसदी घट चुकी है। हालांकि इनऑर्बिट मॉल के मुख्य कार्याधिकारी किशोर भटिजा इसे अलग नजरिये से देखते हैं।
उनका कहना है, ‘इनऑर्बिट ने दुनियाभर में लोकप्रिय ब्रांडों को मॉल में पेश करने के साथ ही आने वाले लोगों की संख्या में जबरदस्त इजाफा देखा है।’
ओबरॉय मॉल, मुंबई कारोबारी प्रमुख शिबु फिलिप्स का कहना है, ‘स्कूलों में छुट्टियों के साथ, प्रवासी भारतीयों के भारत में आने और कारोबारी अधिकारियों के छुट्टी पर जाने के साथ हमारे मॉल में बड़ी संख्या में ग्राहक आ रहे हैं।’
मंदी की मार से परेशान कई किरायेदार मॉल मालिकों के पास अपने किराए कम कराने के लिए पहुंच रहे हैं। उदाहरण के लिए ओबरॉय मॉल ने रेडियो चैनलों के साथ कई प्रमोशनल गतिविधियों के लिए गठजोड़ किया है।
फिलिप्स का कहना है, ‘हम कई बड़ी हस्तियों वाले कार्यक्रम, जैसे बॉलीवुड की जल्द रिलीज होने वाली फिल्म ‘चांदनी चौक टु चाइना’ का म्यूजिक लॉन्च, अपने मॉल में करा रहे हैं। इसके अलावा कई और म्यूजिक लॉन्च और फिल्म प्रीमियर भी हमारे मॉल में होने वाले हैं।
साथ ही कई ग्राहकों के लिए प्रतियोगिताएं आदि भी रख रहे हैं। इसके अलावा क्रिसमस और नए साल के मौके के लिए भी मॉल में होने वाली गतिविधियों की एक बड़ी सी फेहरिस्त तैयार है।’
ढूंढे नए हथियार
प्रमोशनल गतिविधियों के लिए रेडियो चैनलों से सांठ गांठ
म्यूजिक लॉन्च और फिल्म प्रीमियर का ले रहे हैं सहारा
त्योहार के मौके पर ग्राहकों के लिए प्रतियोगिताओं का आयोजन