कभी अफवाहों की वजह से कोई लुट जाता है, तो कोई आसमान छू लेता है। कुछ ऐसा ही हुआ मिडकैप आईटी कंपनी हेक्सावेयर टेक्नोलॉजी के साथ।
कारोबारी सत्र में जैसे ही यह अफवाह फैली कि कंपनी के प्रमोटर हिस्सेदारी बढ़ा रहे हैं और कुछ बड़ी आईटी कंपनियां हेक्सावेयर खरीदने की योजना बना रही हैं, तो कंपनी के शेयर में अचानक 100 फीसदी का उछाल आ गया।
हालांकि बाद में इसकी रफ्तार पर थोड़ी लगाम लगी, बावजूद इसके गुरुवार को बंबई स्टॉक एक्सचेंज में हेक्सावेयर का स्टॉक 33.30 रुपये पर बंद हुआ, जो पिछले दिन के बंद 20.10 रुपये से 65.6 फीसदी अधिक है।
हेक्सावेयर के अध्यक्ष और संस्थापक अतुल निशार ने कहा, ‘न तो हम हिस्सेदारी बेच रहे हैं और ऐसी कोई योजना है। हमारे चार बड़े निजी इक्विटी निवेशक अपनी हिस्सेदारी भी नहीं बेच रहे हैं।’
गुरुवार के कारोबारी सत्र में बंबई स्टॉक एक्सचेंज और नैशनल स्टॉक एक्सचेंज में कंपनी के 2 लाख शेयर बिके। अतुल ने स्पष्ट किया कि उसके प्रमोटरों ने कोई शेयर गिरवी नहीं रखा है।
उन्होंने कहा, ‘हेक्सावेयर की मौजूदा कीमत को लेकर मैं आत्मविश्वास से भरा हूं। अगर निवेशकों को भी यह मूल्य मिलेगा, तो वे इसे खरीदेंगे।’
31 दिसंबर 2008 तक कंपनी में अतुल की हिस्सेदारी 23.5 फीसदी है। कंपनी में जनरल एटलांटिक की हिस्सेदारी 15 फीसदी है और क्रिसकैपिटल की हिस्सेदारी 10 फीसदी से कम है।