पिछले सप्ताह ताज और ओबेरॉय होटल में हुए आतंकी हमलों से कंपनियों के कार्यक्रमों पर भी असर पड़ा है।
कंपनियां या तो अपने कार्यक्रम बदल रही हैं या अपने कॉन्फ्रें स हॉल में बैठकें आयोजित कर रही हैं। हालांकि कुछ भारतीय कंपनियां इस घटना से कारोबार पर ज्यादा असर पड़ने की बात को नकार रही हैं।
आदित्य बिड़ला समूह के पास सभी सुविधाओं से युक्त कॉन्फ्रें स हॉल हैं। कंपनी के एक वरिष्ठ कार्यकारी ने बताया कि उनकी ज्यादातर गु्रप कॉन्फ्रें स और बैठकें उनके वर्ली कार्यालय के सम्मेलन कक्ष में ही आयोजित की जाती हैं।
उन्होंने कहा कि जब हम लोग निवेशकों की बैठक आयोजित करते हैं, तो सुविधा के लिए हमलोग होटलों को प्राथमिकता देते हैं। लेकिन हमले के बाद अपने परिसर को तवज्जो दे रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय सेमिनार आयोजित करने वाली एक कंपनी ने बताया कि 26 नवंबर को अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थ सेमिनार आयोजित होना था, जिसमें निवेश के कई मसलों पर बात होनी थी।
लेकिन मुंबई में हुई घटना की वजह से उसे टाल दिया गया है। अंतरराष्ट्रीय रेटिंग एजेंसी स्टैंडर्ड ऐंड पुअर ने उम्मीद जताई है कि इससे अर्थव्यवस्था पर कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ेगा, हालांकि कॉरपोरेट कॉन्फ्रेंस और इवेंटों के आयोजन के दूसरे विकल्पों पर जरूर गौर किया जाएगा।
सन फार्मा के प्रवक्ता ने बताया कि उनकी ज्यादातर बोर्ड बैठक और अन्य आंतरिक बैठक कंपनी परिसर में ही होती है। लेकिन इस घटना ने होटलों पर सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने की जरूरत है।