बीपीसीएल व केयर्न मुनाफे में, अरविंद मिल को हुआ घाटा

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 09, 2022 | 11:27 PM IST

सरकारी स्वामित्व वाली भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) का शुद्ध मुनाफा वित्त वर्ष 2008-09 की तीसरी तिमाही में बढ़कर करीब 800 करोड़ रुपये हो गया।


कंपनी के मुताबिक, इस दौरान कंपनी को 799.8 करोड़ रुपये का लाभ हुआ है। पिछले साल इसी दौरान कंपनी का शुद्ध लाभ 291.3 करोड़ रुपये रहा था। तीसरी तिमाही में कंपनी की कुल आय 29,258 करोड़ रुपये से 10 फीसदी चढ़कर 32,184.6 करोड़ रुपये हो गई।

अरविंद लि. को घाटा

दिसंबर में खत्म 2008-09 की तीसरी तिमाही में अरविंद लिमिटेड को कुल 33.17 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। वित्त वर्ष 2007-08 की इसी अवधि में कंपनी को 5.67 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ था।

इस दौरान कंपनी की कुल बिक्री 10.66 फीसदी चढ़कर 591.40 करोड़ रुपये हो गई, जो पहले 534.40 करोड़ रुपये रही थी। अरविंद मिल नाम से मशहूर रही यह कंपन के मुताबिक, विदेशी विनिमय में हुए नुकसान के चलते यह नौबत आई है।

आर्थिक मंदी ने भी कंपनी के प्रदर्शन पर असर डाला है। बंबई स्टॉक एक्सचेंज में कंपनी के शेयर का भाव गुरुवार को 3.85 फीसदी चढ़कर 13.75 रुपये हो गया।

केयर्न इंडिया लाभ में

केयर्न इंडिया को तीसरी तिमाही में 236.42 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ है। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में तो कंपनी को 13.91 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था।

इस तिमाही में कंपनी की आय 210.82 करोड़ रुपये रही जो पिछले वित्त वर्ष से 21 फीसदी कम है। उधर बंबई स्टॉक एक्सचेंज में कंपनी के शेयरों में 6.62 फीसदी की कमी हुई और यह 160.80 रुपये प्रति शेयर पर बंद हुए। वैसे परिणाम बाजार बंद होने पर घोषित हुए।

टाटा के. को फीलगुड

टाटा केमिकल्स लिमिटेड को तीसरी तिमाही में 91.18 लाख रुपये का शुध्द लाभ हुआ है जो पिछले साल की समान अवधि में 91.09 लाख रुपये था।

आलोच्य तिमाही के दौरान कंपनी की कुल आय 35.10 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल 17 करोड़ रुपये थी। 31 दिसंबर को समाप्त 9 माह में कंपनी का शुध्द लाभ 4.75 करोड़ रुपये था जबकि पिछले साल की इसी तिमाही में 4.36 करोड़ रुपये था। इसी समय में कंपनी की कुल आय 103.63 करोड़ रुपये थी, जबकि पिछले साल 45.62 करोड़ रुपये थी।

आंध्र सीमेंट को झटका

आंध्र प्रदेश की सीमेंट कंपनी आंध्र सीमेंट के शुद्ध लाभ में 43.48 फीसदी की कमी हुई है। दिसंबर 2008 में खत्म तीसरी तिमाही में कंपनी का शुद्ध लाभ 10.31 करोड़ रुपये रह गया जो पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में 18.24 करोड़ रुपये था।

कंपनी की कुल बिक्री इस तिमाही में थोड़ा चढ़कर 90.72 करोड़ रुपये हो गई। फिलहाल कंपनी की उत्पादन क्षमता 15 लाख टन सालाना है। इसका विस्तार कर इसे 35 लाख टन किया जा रहा है।

निप्पो को कम माल 

निप्पो बैटरी को तीसरी तिमाही में 3.20 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ हुआ है, जो पिछले साल की इसी अवधि से 19.80 प्रतिशत कम है। कंपनी को पिछले साल की इसी अवधि में 3.99 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ हुआ था।

आलोच्य तिमाही में कंपनी की कुल आय घटकर 64.68 करोड़ रुपये रह गई, जो पिछले साल की इसी अवधि में 64.81 करोड़ रुपए थी। पिछले वित्त वर्ष की इस अवधि में शुद्ध लाभ 12.55 करोड़ रुपये थी।

मैक्स इंडिया का शुध्द लाभ 3.26 करोड़

मैक्स इंडिया को 31 दिसंबर 08 की समाप्त तिमाही में 3.26 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ हुआ है, जो पिछले साल की इसी तिमाही से 84.43 प्रतिशत कम है। कंपनी को पिछले साल की इसी तिमाही में 20. 95 करोड़ रुपए का शुध्द लाभ हुआ था।

आलोच्य तिमाही में कंपनी की कुल आय घटकर 90.04 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल की इसी तिमाही में 103.98 करोड़ रुपये थी।

ओसीएल का लाभ बढ़ा

ओसीएल इंडिया को दिसंबर 08 में समाप्त तीसरी तिमाही में 32.20 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ हुआ है, जो पिछले साल की समान अवधि से 5.57 प्रतिशत ज्यादा है।

पिछले साल इसी अवधि में 30.50 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ हुआ था। आलोच्य तिमाही में कंपनी की कुल आय बढ़कर 249.33 करोड़ रुपये हो गई, जो 151.32 करोड़ रुपये थी।

First Published : January 29, 2009 | 11:01 PM IST