टेक्सटाइल फर्म आलोक इंडस्ट्रीज ने अपने प्रस्तावित राइट इश्यू का आकार 50 प्रतिशत बढ़ाकर 450 करोड़ रुपये करने का फैसला लिया है।
इससे पहले कंपनी ने 300 करोड़ रुपये की कीमत वाले राइट इश्यू के जरिये पैसा उगाहने का फैसला किया था। कंपनी को लगता है कि इसके अलावा किसी और माध्यम से पैसा उगाहना कंपनी के हित में नहीं है, इसलिए कंपनी ने राइट इश्यू में विस्तार कर दिया।
आलोक इंडस्ट्रीज के प्रबंध निदेशक दिलीप जिवराजका ने बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया, ‘हमें इसकी जरूरत थी, इसलिए हमें राइट इश्यू का आकार बढ़ाने का फैसला किया।
मौजूदा बाजार परिस्थितियां सही नहीं हैं और ऐसी स्थितियों में हम पैसा नहीं उगाहना चाहते। इसके अलावा हमें हमारे इश्यू के लिए निवेशकों की ओर अच्छी दिलचस्पी देखने को मिली है।’
उनसे पूछने पर कि क्या कंपनी अपने ग्राहकों की ओर से भुगतान न होने या पैसा मिलने के किसी दूसरे स्रोत से कमी का सामना कर रही है,
इस पर जिवराजका का कहना है, ‘इस तरह का कोई मामला नहीं है।’ कंपनी के वैश्विक रिटेलरों की फेहरिस्त में वॉल-मार्ट और टारगेट भी शामिल हैं, जिन्हें आलोक इंडस्ट्रीज कपड़े की आपूर्ति करती है।
कंपनी के मुख्य वित्त अधिकारी सुनिल खंडेलवाल का कहना है, ‘हम अपने राइट इश्यू को बढ़ाकर लगभग 450 करोड़ रुपये तक कर रहे हैं, क्योंकि हमें अपने निवेशकों से इश्यू के लिए बढ़िया रुझान देखने को मिला है और हम अगले 2 से 3 साल के लिए बेहतर भविष्य को लेकर विश्वस्त हैं।’