वित्तमंत्री पी चिदंबरम ने राज्यसभा को एक लिखित उत्तर में बताया कि केन्द्र ने व्यय को युक्तिसंगत बनाने और उपलब्ध संसाधनों का महत्तम उपयोग जैसे आर्थिक उपायों को लागू किया है जिसका उद्देश्य व्यापक आर्थिक वातावरण में सुधार लाना है।
वित्तमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास केन्द्रीय सब्सिडी पर व्यय को सीमित करने का भी है।
सितंबर 2012 तक परिव्यय और प्राप्तियों का अंतर यानी राजकोषीय घाटा 3.37 लाख करोड़ रुपये है जो 2012..13 के पूरे वर्ष के लिए तय किये गये लक्ष्य का 65.6 प्रतिशत है।