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सतही पेटेंटों के खिलाफ दवा कंपनियां एकजुट
जो मैथ्यू / नई दिल्ली March 30, 2010

दवाओं के पेटेंट को लेकर भारत में आए दिन होने वाले टकराव के दिन जल्दी ही खत्म होने वाले हैं।

रैनबैक्सी, डॉ. रेड्डीज और सन फार्मा समेत 13 प्रमुख घरेलू दवा निर्माता कंपनियों ने इंडियन फार्मास्यूटिकल एलायंस (आईपीए) के तहत एक होकर विशेषज्ञों की एक प्रतिबध्द टीम गठित की है। यह टीम मंजूरी पूर्व की स्थिति में भारतीय पेटेंट कार्यालयों तक पहुंचने वाले सभी कम-गंभीर पेटेंट आवेदनों को चुनौती देगी।

अप्रैल में आईपीए टीम चार भारतीय पेटेंट कार्यालयों में कम से कम 25 पेटेंट मंजूरी पूर्व चुनौतियां दायर करेगी। इनकी संख्या आगे और भी ज्यादा होगी। आईपीए ने ऐसे सैकड़ों मामलों का पता लगाया है जहां दवा पेटेंट आवेदन बेहद कमजोर आधार पर दायर किए गए हैं।

आईपीए का कहना है कि भारतीय पेटेंट कार्यालयों में हर महीने कम से कम 25 सतही पेटेंट आवेदन दायर होते हैं। चार वैज्ञानिकों से युक्त आईपीए टीम ने अपने सदस्यों के कारोबारी हितों के परवाह किए बगैर सभी दवा पेटेंट आवेदनों की जांच शुरू कर दी है।

पहले चरण की मंजूरी पूर्व चुनौतियां अक्टूबर 2009 में घरेलू और विदेशी बहुराष्ट्रीय दवा कंपनियों द्वारा दायर की गई पेटेंट अर्जियों के खिलाफ होगी। आईपीए सदस्य सामूहिक तौर पर हर साल दवा अनुसंधान पर निजी क्षेत्र के कुल 2100 करोड़ से ज्यादा के व्यय का 90 फीसदी खर्च करते हैं और देश के 50,000 करोड़ रुपये के दवा निर्यात में इनका हिस्सा एक तिहाई के बराबर है।

ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी भारतीय समूह ने पेटेंट चुनौती को इसने व्यापक ढंग से लिया है। आईपीए का यह निर्णय संगठन द्वारा कराए गए प्रायोगिक अध्ययन के बाद आया है। संगठन ने पाया कि भारतीय पेटेंट कार्यालयों ने ऐसे दर्जनों उत्पादों को पेटेंट मंजूरी दे दी हैं, जो भारतीय कानूनों के मुताबिक पेटेंट सुरक्षा पाने के हकदार नहीं हैं।

आईपीए के महासचिव डी जी शाह ने बताया, 'हमने पिछले साल की शुरुआत में एक सीमित अध्ययन कराया था और इसमें हमने पाया कि कम से कम 86 मामलों में उन दवा उत्पादों को पेटेंट मंजूर किया गया जो मौजूदा उत्पादों से बस जरा से अलग थे। इसके बाद हमने इसके खिलाफ अपनी एक प्रतिबध्द टीम बनाने का फैसला लिया।'

ऐसे सतही पेटेंट मंजूरियों की आईपीए सूची में बहुराष्ट्रीय कंपनी नोवार्तिस (16 उत्पाद), एलाई लिली (10), पीफाइजर (9) और घरेलू कंपनी अरबिंदो (1) व एनक्योर (1) जैसी कंपनियों को मिले पेटेंट शामिल हैं।

पेटेंट को लेकर 13 घरेलू कंपनियों ने बनाई टीम

भारतीय पेटेंट कार्यालयों तक पहुंचने वाले सभी कम गंभीर आवेदनों को चुनौती देगी आईपीए
अप्रैल में आईपीए टीम 25 पेटेंट मंजूरी पूर्व चुनौतियां दायर करेगी
सैकड़ों ऐसे मामले मिले हैं, जहां पेटेंट आवेदन बेहद कमजोर आधार पर दायर

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