बिजनेस स?टैंडर?ड - परमाणु वार्ता के लिए हम तैयार हैं लेकिन क्या अमेरिका वादे पर खरा उतरेगा : ईरान
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Sunday, September 25, 2022 10:48 PM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम क?षेत?रीय खबर

परमाणु वार्ता के लिए हम तैयार हैं लेकिन क्या अमेरिका वादे पर खरा उतरेगा : ईरान

भाषा / नई दिल्ली September 22, 2022

ईरान के राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी ने बुधवार को कहा कि उनका देश उसे परमाणु बम हासिल करने से रोकने के लिए किए समझौते पर बातचीत फिर से शुरू करने के लिए गंभीर है लेकिन उन्होंने सवाल किया कि क्या तेहरान किसी भी अंतिम समझौते को लेकर अमेरिकी प्रतिबद्धता पर भरोसा कर सकता है? राष्ट्रपति रईसी ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में 2018 में समझौते से अलग होने के अमेरिका के फैसले का जिक्र करते हुए कहा कि अमेरिका पहले ही पिछले समझौते को ‘‘कुचल’’ चुका है।

उन्होंने कहा, ‘‘ईरान परमाणु वार्ता में सभी मुद्दों को हल करने को लेकर गंभीर है लेकिन हमारी केवल एक ही इच्छा है : प्रतिबद्धताओं का पालन।’’ उन्होंने कहा, ‘‘क्या हम बिना किसी गारंटी और आश्वासन के पूरी तरह यह भरोसा कर सकते हैं कि इस बार वे अपनी प्रतिबद्धताओं पर खरे उतरेंगे?’’ रईसी ने इजराइल के संदर्भ में कहा कि ईरान की परमाणु गतिविधियों की एकतरफा जांच की गयी जबकि अन्य देशों का परमाणु कार्यक्रम अब भी गुप्त है। 

गौरतलब है कि इजराइल ने परमाणु हथियार रखने की न कभी पुष्टि की और न ही इससे इनकार किया है। परमाणु समझौते का विरोध करने वाला इजराइल संयुक्त राष्ट्र के निरीक्षकों के समक्ष ईरान पर अपने परमाणु कार्यक्रम को छिपाने का आरोप लगाता रहा है। 

अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने भी संयुक्त राष्ट्र में अपने भाषण में कहा, ‘‘हम ईरान को कोई परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देंगे।’’ साथ ही उन्होंने कहा कि अगर ईरान अपनी प्रतिबद्धताओं का पूरा करता है तो अमेरिका फिर से इस समझौते का हिस्सा बनने के लिए तैयार है। रईसी ने मानवाधिकारों पर ‘‘दोहरे मानदंड’’ अपनाने के लिए पश्चिम देशों की निंदा भी की। उन्होंने इजराइल पर फलस्तीन गाजा पट्टी की नाकाबंदी के जरिए दुनिया की सबसे बड़ी जेल बनाने का आरोप लगाया। 
रईसी ने संयुक्त राष्ट्र में ऐसे वक्त में भाषण दिया है जब ईरान नाजुक दौर से गुजर रहा है। पश्चिम के प्रतिबंधों ने देश की वित्तीय हालत खराब कर दी है। देश में अर्थव्यवस्था के विरोध में प्रदर्शन तेज हो गए हैं। 
Keyword: us iran nuclear deal, america iran, nuclear deal, united nation, nuclear energy, israel,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 क्या बेनामी सौदों की सीमा तय होने से ऐसे लेनदेन पर लगेगी रोक
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.