बिजनेस स्टैंडर्ड - ऊंची ईंधन कीमतों से एयरलाइनों की बढ़ रही चिंता
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Saturday, August 13, 2022 07:59 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम बाजार खबर

ऊंची ईंधन कीमतों से एयरलाइनों की बढ़ रही चिंता

निकिता वशिष्ठ / नई दिल्ली July 05, 2022

विश्लेषकों को आशंका है कि इंडिगो की उड़ान में विलंब की समस्या से संकेत मिलता है कि भारतीय विमानन क्षेत्र बेहद प्रतिस्पर्धी परिवेश के कगार पर बढ़ सकता है। उनका कहना है कि तीन नई कंपनियों-  एयर इंडिया ने अपने नए प्रबंधन, राकेश झुनझुनवाला की आकाश और फिर से उड़ान भरने की तैयारी कर रही जेट एयरवेज के विमानन क्षेत्र ऊंचे मार्जिन दबाव की वजह से तेजी से बढ़ रहे कर्मचारी खर्च से जूझने को तैयार है।

केआर चोकसी इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स में प्रबंध निदेशक देवेन चोकसी ने कहा, 'समस्याएं इंडिगो, स्पाइसजेट और गो एयर की राह में आएंगी। बढ़ती लागत और मार्जिन दबाव से समस्या पैदा हुई है।  यह समस्या अपरिहार्य है।'

पिछले सप्ताह, एयरलाइन के कई चालक दल सदस्यों के काम पर नहीं आने की वजह से इंडिगो द्वारा परिचालित 50 प्रतिशत से ज्यादा उडानों में विलंब हुआ। रिपोर्टों से पता चलता है कि इस एयरलाइन का स्टाफ एयर इंडिया जैसी कंपनियों में नौकरी तलाशने के लिए इंटरव्यू देने चला गया था, लेकिन इस वजह से आखिरी समय में एयरलाइन का परिचालन खतरे में पड़ गया। रिपोर्टों से पता चलता है कि टाटा के स्वामित्व वाली एयर इंडिया के साथ साथ जेट एयरवेज और आकाश एयर ने व्यापक नियुक्ति अभियान चलाया है।

इन घटनाक्रम के बाद, इंडिगो का शेयर सोमवार को दिन के कारोबार में 4 प्रतिशत गिर गया। वहीं स्पाइसजेट तथा जेट एयरवेज भी कारोबार के आखिर में करीब 1.65 प्रतिशत और 1  प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुए। विश्लेषकों के अनुसार, भारतीय विमानन  क्षेत्र भी आईटी क्षेत्र जैसी समस्याएं देख रहा है, जिसमें ऊंची एंट्रीशन दर ने प्रबंधन को दो अंक के वेतन भुगतान, हेल्थकेयर लाभ जैसी सुविधाएं देने के लिए बाध्य किया है।

इक्विनोमिक्स रिसर्च के संस्थापक एवं मुख्य निवेश अधिकारी जी चोकालिंगम ने कहा, 'टाटा की एयर इंडिया के अधिग्रहण और जेट एयरवेज तथा आकाश एयरवेज के प्रवेश से भारतीय आईटी की तरह विमानन क्षेत्र में एक नए ट्रेंड की शुरुआत देखी जा सकती है, जिसमें हम अचानक एट्रीशन दर में यानी कर्मियों द्वारा नौकरी बदलने के सिलसिले में तेजी देख सकते हैं। दुर्भाग्य की बात यह भी है कि इस तरह की स्थिति तब सामने आई है जब विमानन ईंधन (एटीएफ) की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर हैं, जिससे साथ साथ एयरलाइनों की बैलेंस शीट पर महामारी की वजह से पहले से ही दबाव पड़ा है और रुपये में गिरावट आ रही है। एक एयरलाइन ने नकारात्मक नेटवर्थ दर्ज की है जिससे ऊंचे कर्ज स्तरों का पता चलता है। यह अच्छा संकेत नहीं है।'

चिंताओं का असर?

विश्लेषकों का मानना है कि इन सब नकारात्मक बदलावों से मार्जिन पर दबाव का पूरी तरह से असर बाजारों पर ही दिखा है, जिससे निकट भविष्य में शेयर कीमतों पर दबाव बढ़ रहा है। एक स्वतंत्र विश्लेषक अंबरीश बालिगा ने कहा, 'एयरलाइनों को बढ़ते मार्जिन दबाव, किराया वृद्धि की सीमित गुंजाइश और अब सीमित प्रतिभाओं की वजह से मार्जिन पर दबाव बढ़ने का खतरा सता रहा है।'

Keyword: ईंधन कीमत, एयरलाइन, उड़ान, विमानन क्षेत्र, प्रतिस्पर्धी परिवेश,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:

स्मार्ट इंवेस्टर

अच्छे शेयरों के चयन वाला बाजार

Investmentsसवाल जवाब बाजार की नजर इस सप्ताह होने वाली आरबीआई की मौद्रिक बैठक के परिणाम

बाजार हलचल

स्पे​शियल्टी में सुधार आने से सन फार्मा को मिलेगी मजबूत खुराक

आय में बढ़त से तय होगी शेयर बाजार की चाल

पीवीआर के शेयर का बढ़ेगा खुमार!

आगे पढ़े
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.