बिजनेस स्टैंडर्ड - महंगाई, ओमीक्रोन की चिंता से टूटे बाजार
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Tuesday, January 25, 2022 11:14 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम बाजार खबर

महंगाई, ओमीक्रोन की चिंता से टूटे बाजार

सुंदर सेतुरामन / मुंबई December 13, 2021

यूरोप मेंं ओमीक्रोन के बढ़ते मामले और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की तरफ से आक्रामक कदम उठाए जाने की संभावना के बीच बेंचमार्क सूचकांक सोमवार को टूट गए। बेंचमार्क सेंसेक्स ने बढ़त के साथ सत्र की शुरुआत की और 400 अंक तक चढ़ गया लेकिन मुनाफावसूली के कारण यह बढ़त कायम नहींं रख पाया। सेंसेक्स अंत में 503 अंकों की गिरावट के साथ 58,283 पर बंद हुआ। दूसरी ओर निफ्टी 143 अंक की गिरावट के साथ 17,368 पर टिका।

अमेरिका में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक पर आधारित महंगाई एक साल पहले की समान अवधि के मुकाबले नवंबर में बढ़कर 6.8 फीसदी पर पहुंच गई। 1982 के बाद उपभोक्ता महंगाई इस स्तर पर पहुंची है। महंगाई के हालिया आंकड़ों ने फेडरल रिजर्व की तरफ से बॉन्ड खरीद कार्यक्रम में कटौती और ब्याज दरों में जल्द बढ़ोतरी की चिंता पैदा की है। कम ब्याज दर और आक्रामक बॉन्ड खरीद से दुनिया भर के इक्विटी बाजारों को मदद मिली है, जिसमें भारत शामिल है और उसने मार्च 2020 के बाद से शानदार बढ़त दर्ज की है।

फेडरल रिजर्व दुनिया के 20 केंद्रीय बैंकों में शामिल है, जो इस हफ्ते बैठक का आयोजन कर रहा है, जिसमें यूरोपीय सेंट्रल बैंक और बैंक ऑफ इंग्लैंड शामिल है। विश्लेषकों ने कहा, इन बैठकों में होने वाले फैसले से ट्रेडरों को स्पष्टता मिलेगी और यह पता चलेगा कि ओमीक्रोन के बढ़ते मामलोंं से उपजी चुनौतियों व मौद्रिक नीति के कम सहयोग से कैसे निपटा जाए।

मार्सेलस इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स के संस्थापक सौरभ मुखर्जी ने कहा, आज हमने फेडरल रिजर्व की बैठक से पहले घबराहट देखी। ट्रेडरों की तरफ से मुनाफावसूली हुई, जिन्होंंने तेजी के मौजूदा चक्र में कमाई की है। लेकिन मुझे नहीं लगता कि इस पर नींद खराब करने की कोई वजह बनती है। पश्चिमी दुनिया की महंगाई का भारतीय इक्विटी पर शायद ही बड़ा असर दिखेगा। अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने स्पष्ट किया है कि बॉन्ड खरीद मेंं कटौती काफी कम होगी। हालांकि भारत में आय व अर्थव्यवस्था मजबूत है और बाजार लंबी अवधि में इसका फायदा उठाएगा, अगर यह टिका रहता है।

भारत में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक पर आधारित महंगाई नवंबर में सालाना आधार पर बढ़कर 4.9 फीसदी हो गई। विश्लेषकों ने कहा कि महंगाई में बढ़ोतरी से आरबीआई पर ब्याज बढ़ाने का दबाव पड़ सकता है। अल्फानीति फिनटेक के संस्थापक यू आर भट्ट ने कहा, महंगाई में बढ़ोतरी से आरबीआई नीतिगत बदलाव के लिए बाध्य हो सकता है। विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक लगातार बिकवाली कर रहे हैं। हमें नहीं पता कि कितने लंबे समय तक खुदरा निवेशक बाजार को सहारा देना जारी रखेंगे।

मोतीलाल ओसवाल फाइनैंशियल सर्विसेज के खुदरा शोध प्रमुख सिद्धार्थ खेमका ने कहा, बाजार उम्मीद के मुताबिक एकीकृत हो रहा है। निवेशकों की नजर विभिन्न केंद्रीय बैंकों की बैठक पर होगी और वहां से उन्हें बाजार की दिशा का संकेत मिलेगा। पिछले दो हफ्ते में गिरावट और फिर स ुधार के बाद बाजार उच्चस्तर पर टिक नहींं पा रहा है, जो संकेत देता है कि कुछ समय तक इंडेक्स एकीकृत होता रहेगा।

बाजार में चढऩे व गिरने वाले शेयरों का अनुपात सकारात्मक रहा, बीएसई पर 1868 शेयर चढ़े जबकि 1,608 में गिरावट आई। सेंसेक्स में शामिल शेयरों में से दो तिहाई से ज्यादा टूटे। एक को छोड़कर बाकी सभी क्षेत्रीय सूचकांकों में गिरावट आई। ऊर्जा क्षेत्र के शेयर सबसे ज्यादा टूटे और इसका सूचकांक बीएसई पर 1.7 फीसदी फिसला।

Keyword: महंगाई, ओमीक्रोन, यूरोप, अमेरिकी फेडरल रिजर्व, सूचकांक, निफ्टी,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:

स्मार्ट इंवेस्टर

निवेशकों को कम प्रतिफल की उम्मीद रखनी चाहिए

Investmentsबीएस बातचीत मिरे ऐसेट इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स में मुख्य निवेश अधिकारी

जनवरी में एफपीआई ने फिर बढ़ाई खरीदारी

आभूषण फर्मों पर रहेगा दबाव

टॉरंट फार्मा के लिए मजबूत है घरेलू वृद्घि की राह

बाजार हलचल

आगे पढ़े
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.