बिजनेस स्टैंडर्ड - दर वृद्घि की आशंकाओं से बैंकिंग और पीएसयू डेट फंडों पर दबाव
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Monday, September 27, 2021 02:40 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम मुद्रा खबर

दर वृद्घि की आशंकाओं से बैंकिंग और पीएसयू डेट फंडों पर दबाव

चिराग मडिया / मुंबई August 22, 2021

आगामी कुछ महीनों में ब्याज दर वृद्घि की चिंताओं से बैंकिंग और पीएसयू डेट फंडों में पूंजी प्रवाह प्रभावित हुआ है। म्युचुअल फंड (एमएफ) उद्योग के कारोबारियों का यह भी कहना है कि बाजार नियामक द्वारा पर्पेचुअल बॉन्डों के मूल्यांकन में बदलाव भी बैंकिंग और पीएसयू डेट श्रेणी से किसी की मुख्य वजहों में से एक है। 

चालू वित्त वर्ष की शुरुआत से जुलाई तक बैंकिंग और पीएसयू डेट फंडों में 1,247.44 करोड़ रुपये की बिकवाली दर्ज की गई है। भारत में म्युचुअल फंड उद्योग संगठन एम्फी के आंकड़े से पता चलता है कि पिछले 6 महीनों में इस श्रेणी से 9,400 करोड़ रुपये की शुद्घ निकासी दर्ज की गई है। 

मिरई ऐसेट एएमसी में मुख्य निवेश अधिकारी (फिक्स्ड इनकम) महेंद्र जाजू का कहना है, 'निवेशक भारत में ब्याज दरों को लेकर चिंतित हैं। उनका मानना है कि भविष्य में ब्याज दरें बढ़ेंंगी। इसलिए वे इसका इंतजार कर रहे हैं।'
बैंकिंग और पीएसयू डेट फंडों द्वारा अर्जित प्रतिफल पिछले कुछ महीनों में घटा है। पिछले एक साल में इस श्रेणी ने 4.83 प्रतिशत का प्रतिफल दिया है, जबकि कैलेंडर वर्ष 2020 और 2019 में यह श्रेणी 9.83 प्रतिशत और 9.78 प्रतिशत प्रतिफल देने में सफल रही।
श्रेणी के तहत कुछ ऋण पत्रों पर कारोबार पिछले दो साल में घटा भी है और ऐसी आशंका है कि इसमें तेजी आने से प्रतिफल प्रभावित हो सकता है। बाजार कारोबारियों का कहना है कि ऐसे फंडों की औसत परिपक्वता डेढ़ साल से ढाई साल के बीच है। अक्सर, बैंकिंग और पीएसयू डेट फंड बैंकिंग, सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यम और सार्वजनिक क्षेत्र के वित्तीय संस्थानों द्वारा जारी डेट योजनाओं में अपनी 80 प्रतिशत निवेश करते हैं, जिससे क्रेडिट फंडों और कॉरपोरेट बॉन्ड फंडों जैसी अन्य डेट श्रेणियों के मुकाबले यह सुरक्षित निवेश विकल्प बन गया है।
पिछले एक साल के दौरान बैंकिंग और पीएसयू डेट फंड श्रेणी अनुकूल पूंजी प्रवाह दर्ज करने में सफल रही, क्योंकि निवेशकों ने अपना पैसा सुरक्षित विकल्पों में लगाने पर जोर दिया है। पिछले वित्त वर्ष में बैंकिंग और पीएसयू डेट फंडों में 39,425 करोड़ रुपये का शुद्घ पूंजी प्रवाह आकर्षित हुआ।
घरेलू फंडों पर अपनी एक रिपोर्ट में मॉर्निंगस्टार ने लिखा है, 'जहां पूंजी प्रवाह इस श्रेणी में लगभग पिछले 18 महीनों के दौरान काफी हद तक सकारात्मक रहा है, वहीं पिछले कुछ महीनों (फरवरी और मई, 2021) में लगातार निकासी हुई है। इस निकासी का मुख्य कारण संभवत: बाजार नियामक सेबी के मानकों की वजह से आया बदलाव था। ये मानक एटी1 बॉन्ड जैसे पर्पेचुअल बॉन्डों के मूल्यांकन से जुड़ा हुआ है।'
हालांकि फंड प्रबंधकों का कहना है कि जो निवेशक डेट बाजार में अस्थिरता को लेकर चिंतित हैं, उन्हें अपना पैसा लिक्विड या मनी मार्केट फंडों में लगाना चाहिए। लेकिन यदि निवेशक तीन साल से ज्यादा समय तक अपने निवेश से जुड़े रहना चाहते हैं, तो उन्हें बैंकिंग और पीएसयू डेट फंड श्रेणी में अपना निवेश बरकरार रखना चाहिए।
Keyword: bank, banking, cooperative bank, UCB, psb, debt restructure, care ratings, covid, rbi, debt fund, mutual fund, nbfc, psu debt fund,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 क्या अग्रिम कर संग्रह में इजाफा है अर्थव्यवस्था में सुधार का संकेत?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.