बिजनेस स्टैंडर्ड - आरबीआई की राहत के बीच विश्लेषकों का यात्रा एवं पर्यटन क्षेत्र पर दांव
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Tuesday, September 21, 2021 10:42 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम बाजार खबर

आरबीआई की राहत के बीच विश्लेषकों का यात्रा एवं पर्यटन क्षेत्र पर दांव

निकिता वशिष्ठ / नई दिल्ली 06 04, 2021

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शुक्रवार को उन क्षेत्रों के लिए 15,000 करोड़ रुपये के नकदी समर्थन की घोषणा की, जो कोविड-19 महामारी, खासकर इसकी दूसरी लहर से ज्यादा प्रभावित हुए हैं। इन क्षेत्रों में यात्रा, पर्यटन, होटल, विमानन और सैलून मुख्य रूप से शामिल है। विश्लेषकों का कहना है कि यह कदम आरबीआई की उन योजनाओं में पहला साबित हो सकता है जिनकी घोषणा केंद्रीय बैंक द्वारा आगे चलकर की जा सकती है।

इस घोषणा के बाद, होटल, रेस्त्रां और उनसे संबद्घ व्यावसायिक कंपनियों के शेयरों में बीएसई पर दिन के कारोबार में 10 प्रतिशत तक की तेजी दर्ज की गई।

कुछ खास शेयरों की बात की जाए तो इंडियन होटल्स 143.75 रुपये की 52 सप्ताह की ऊंचाई पर पहुंच गया, जो 6 प्रतिशत तक की तेजी है। उसके कारोबार में करीब दो गुना तेजी दर्ज की गई। इसके अलावा, रॉयल ऑर्किड होटल्स, ताज जीवीके होटल्स ऐंड रिजॉट्र्स, लेमन ट्री होटल्स, यूनाइटेड बु्रअरीज, ग्लोबस स्पिरिट्स, यूनाइटेड स्पिरिट्स और रेडिको खेतान भी तेजी दर्ज करने वाले शेयर रहे।

एचडीएफसी सिक्योरिटीज में रिटेल रिसर्च के प्रमुख दीपक जसानी ने कहा, 'नियामक ने चरणबद्घ तरीके से राहत उपायों की घोषणा की है, इसलिए यह घोषणा का पहला चरण हो सकता है। इसलिए, जरूरत पडऩे पर, आरबीआई और ज्यादा राहत उपायों की घोषणा कर सकता है।' उनका कहना है कि, केंद्रीय बैंक का मकसद उन क्षेत्रों को सहायता प्रदान करना है, जो गंभीर रूप से प्रभावित हुए हैं, लेकिन उन्हें अर्थव्यवस्था के खुलने से लाभ मिलेगा।

जियोजित फाइनैंशियल सर्विसेज के मुख्य निवेश रणनीतिकार एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष गौरांग शाह का कहना है कि आरबीआई ने जरूरतमंद क्षेत्रों को सहायता मुहैया कराई है। उदाहरण के लिए, उसने मई में फार्मास्युटिकल उद्योग को राहत प्रदान की, जिससे यह भरोसा पैदा हुआ कि कई और क्षेत्रों को राहत दी जा सकती है।

उनका कहना है, 'सभी विकल्पों को खोलने के बजाय, आरबीआई और सरकार संयुक्त रूपा से एक समय में एक कदम उठा रहे हैं और चरणबद्घ तरीके से हालात का आकलन कर रहे हैं। इसलिए इसे राहत उपायों के अंत के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।'

संपर्क-केंद्रित क्षेत्रों पर महामारी की दूसरी लहर के विपरीत प्रभाव को दूर करने के प्रयास में आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने 15,000 करोड़ रुपये की अलग तरलता विंडो की घोषणा की है, जिसका लाभ 31 मार्च, 2022 तक उठाया जा सकेगा।

दास ने कहा, 'इस योजना के तहत, बैंक होटलों और रेस्तराओं, पर्यटन- ट्रेवल एजेंटों, टूर ऑपरेटरों और एडवेंचर/हेरिटेज इकाइयों, विमानन एंसियिरी सेवाओं और अन्य सेवाओं को ताजा उधारी सहायता मुहैया करा सकते हैं।'

उन्होंने कहा कि बैंकों को रीपो दर के मुकाबले 25 आधार कम की दर पर रिवर्स रीपो विंडो के तहत अपनी अधिशेष नकदी इस योजना के तहत अपनी ऋण बुक का दायरा बढ़ाने में इस्तेमाल करने की अनुमति होगी।

उद्योग संगठन सीएपीए के अनुसार, भारतीय एयरलाइनों को इस वित्त वर्ष में 4.1 अरब डॉलर का समेकित नुकसान होने की आशंका है, यह 2020-21 में हुए नुकसान के अनुमान के समान है। इस तरह से दो वर्षों का कुल नुकसान लगभग 8 अरब डॉलर होगा।

Keyword: आरबीआई, राहत, यात्रा, पर्यटन क्षेत्र, होटल, विमानन, सैलून,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:

स्मार्ट इंवेस्टर

फेडरल के कदम से ज्यादा दबाव के आसार नहीं

Investmentsबीएस बातचीत ऐक्सिस एमएफ के प्रमुख (फिक्स्ड इनकम) आर शिवकुमार ने चिराग

आईपीओ से पहले ओयो शेयर कर रही पूंजी का विस्तार

सितंबर में एफपीआई का निवेश 16,305 करोड़ रुपये

सेंसेक्स की चार फर्मों का एमकैप बढ़ा

ईजीमाईट्रिप मार्च से अब तक 3.5 गुना चढ़ा

आगे पढ़े
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.