बिजनेस स्टैंडर्ड - नए साल में कम पायलट नियुक्त करेंगी भारतीय एयरलाइन
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Saturday, July 04, 2020 06:19 PM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम कंपनिया खबर

नए साल में कम पायलट नियुक्त करेंगी भारतीय एयरलाइन

अनीश फडणीस / मुंबई December 31, 2019

भारतीय एयरलाइनों द्वारा इस साल पूर्ववर्ती वर्ष की तुलना में कम संख्या में पायलटों की नियुक्ति किए जाने की संभावना है। इसकी वजह एयरबस से विमानों की आपूर्ति में विलंब, बोइंग 737 मैक्स को फिर से सेवा में शामिल किए जाने को लेकर अनिश्चितता और जेट एयरवेज से निकले पायलटों के लिए प्रशिक्षण है। 2019 में भारतीय विमानन कंपनियों ने 2,301 पायलटों की नियुक्ति की, जिनमें से कई जेट एयरवेज से शामिल किए गए। जेट एयरवेज ने अप्रैल में अपना परिचालन बंद कर दिया। 2018 और 2017 में एयरलाइनों ने परीक्षाओं के जरिये 1696 और 1221 पायलटों को नियुक्त किया। 

नागरिक उड्डयन महानिदेशक (डीजीसीए) अरुण कुमार ने कहा, 'भारतीय विमानन कंपनियों के पास 2020 में एयरबस ए320 और बोइंग 737 विमानों के लिए स्थानीय तौर पर पर्याप्त पायलट होंगे, लेकिन एटीआर-72 और क्यू-400 जैसे छोटे टर्बोप्रॉप विमानों के लिए विदेशी पायलटों पर निर्भरता बरकरार रहेगी।' डीजीसीए सैन्य छात्रों के साथ साथ भारतीय वायुसेना कर्मियों और अन्य के लिए हर साल 700-800 वाणिज्यिक पायलट लाइसेंस जारी करता है। कुमार ने कहा कि फ्लाइंग ट्रेनिंग स्कूलों को सशक्त बनाया जा रहा है। इस वजह से पायलटों की उपलब्धता कोई समस्या नहीं है।

पिछले सप्ताह, गोयर ने छुट्टी बिताने के लिए यात्रा करने वाले सैकड़ों लोगों को मायूस किया था, क्योंकि उन दिनों पायलटों के अभाव की वजह से हर दिन लगभग 20 उड़ानों को रद्द करना पड़ा था। हालांकि गोयर ने कहा कि पायलटों का अभाव नहीं था, और उसने खराब मौसम जैसे अन्य कारकों को इसके लिए जिम्मेदार बताया। सूत्रों का कहना है कि एयरलाइन अपने पायलटों की टीम को मजबूत बना रही है जिसमें अतीत में इस्तीफों और फेरबदल का सिलसिला देखने को मिला था। घरेलू एयरलाइनों ने अप्रैल में जेट एयरवेज के बंद होने के बाद अवसरों का लाभ उठाया, क्योंकि इससे व्यस्त हवाई अड्डों पर भी स्लॉट उपलब्ध हुए और साथ ही उन्हें प्रशिक्षित पायलटों को अपने साथ जोडऩे का मौका मिला।

घरेलू और विदेशी एयरलाइनों ने जेट में काम कर चुके 1,600 पायलट नियुक्त किए। विमानन विश्लेषकों का कहना है कि पायलट प्रशिक्षण के संदर्भ में डीजीसीए नियमों में बदलाव और हवाई अड्डे पर एंट्री पास जारी किए जाने की प्रक्रिया में तेजी आने से घरेलू और विदेशी पायलटों के इस्तेमाल में सुधार आएगा। 

Keyword: airlines, flight, DGCA, Airlines industry, International Route, Fuel, Loss, Indigo, Flight Cancel, pilot,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 क्या 15 अगस्त तक कोविड का टीका लाना होगा संभव?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.