बिजनेस स?टैंडर?ड - एफएमसीजी कंपनियों का जोर प्रीमियम, छोटे पैक पर
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एफएमसीजी कंपनियों का जोर प्रीमियम, छोटे पैक पर

विवेट सुजन पिंटो / मुंबई December 19, 2019

रोजमर्रा के इस्तेमाल की वस्तुएं (एफएमसीजी) बनाने वाली कंपनियां बाजार में मंदी के बीच अपनी बिक्री बढ़ाने के लिए छोटे पैक पर जोर दे रही हैं। लेकिन प्रीमियम उपभोक्ताओं को भी नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है और उनके लिए नए लॉन्च किए जा रहे हैं। भारतीय उद्योग परिसंघ के एफएमसीजी समिट के दौरान इस उद्योग के वरिष्ठï अधिकारियों ने बिजनेस स्टैंडर्ड से यह बात कही। केवल पिछली दो तिमाहियों के दौरान हिंदुस्तान यूनिलीवर (एचयूएल), नेस्ले, प्रॉक्टर ऐंड गैम्बल और मोंडलीज जैसी कंपनियों ने डिटरजेंट, पर्सनल केयर और फूड श्रेणी में कई प्रीमियम उत्पादों को लॉन्च किया है। जबकि उनके उत्पाद पोर्टफोलियो में छोटे पैक का अनुपात बढ़ा है।
 
उद्योग के आकलन के अनुसार, एफएमसीजी क्षेत्र की अधिकतर कंपनियों के उत्पाद पोर्टफोलियो में छोटे पैक के अनुपात में पिछले छह महीने के दौरान 10 से 15 फीसदी की वृद्धि हुई है। इसका उद्देश्य उत्पादों को ग्राहकों तक हर संभव पहुंच बढ़ाना है। नेस्ले इंडिया के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक सुरेश नारायण ने कहा, 'इस प्रकार कंपनियां सुनिश्चि कर रही हैं कि लोग कुछ सैम्पलिंग करेंगे जिससे उसकी पहुंच बढ़ेगी।' पीऐंडजी के प्रवक्ता ने कहा कि भारत में वृद्धि को रफ्तार देने के लिए उनकी कंपनी बेहतर उत्पाद, ब्रांड संचार, खुदरा निष्पादन और मूल्य पर ध्यान केंद्रित कर रही है। उदाहरण के लिए, पर्सनल केयर एवं लॉन्ड्री श्रेणी में प्रीमियम उत्पादों को छोटे पैक में उतारा गया है। पीऐंडजी शैम्पू के अधिक पाउच उतारने, टाइड के दाम घटाने और फेमिनिन केयर उत्पादों के कम कीमत वाले पैक उतारने पर जोर दे रही है।
 
विशेषज्ञों का कहना है कि कंपनियों के उत्पाद पोर्टफोलियो में छोटे पैक की वृद्धि को आगे और रफ्तार मिल सकती है क्योंकि मंदी का असर अगली कुछ तिमाहियों तक दिख सकता है। बाजार अनुसंधान एजेंसी नीलसन पहले ही अनुमान जाहिर कर चुकी है कि अक्टूबर से दिसंबर की अवधि में एफएमसीजी बाजार की वृद्धि निचले एकल अंक में रहेगी। एजेंसी का कहना है कि आगामी महीनों में स्थिति कहीं अधिक खराब होने की आशंका है। पिछली छह तिमाहियों के दौरान एफएमसीजी बाजार की वृद्धि लगातार घटी है जो जुलाई से सितंबर 2018 की अवधि में 16 फीसदी रही थी। अक्टूबर से दिसंबर 2019 की अवधि में एफएमसीजी बाजार की वृद्धि 3 फीसदी के दायरे में रहने का अनुमान है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि मंदी के संकेत विशेष तौर पर आधुनिक व्यापार में दिखने लगे हैं। उनका कहना है कि उत्पादों को प्रीमियम बनाना और उसकी पहुंच बेहतर करना एफएमसीजी क्षेत्र की कंपनियों की वृद्धि के लिए अभी भी सबसे अधिक कारगर उपाय है।
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