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निर्यात बढ़ाने के लिए एसटीपीआई के नए केंद्र

जयजित दास / भुवनेश्वर October 06, 2019

सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क आफ इंडिया (एसटीपीआई) ने देश के अपने आगामी 28 सेंटर आफ एक्सिलेंस के माद्यम से निर्यात बढ़ाने का लक्ष्य रखा है। एसटीपीआई ने अपने इन 28 केंद्रों के माध्यम सॉफ्टवेयर उत्पादों के नवोन्मेष और शोध एवं विकास (आरऐंडडी) पर विशेष ध्यान देने की योजना बनाई है। इन केंद्रों पर बनाए गए उत्पादों का डिजाइन घरेलू मांग को पूरा करने के लिए होगा और इससे निर्यात को भी मजबूती मिलेगी। एसटीपीआई के महानिदेशक ओमकार राय ने कहा, 'आईटी उद्योग मूल्य शृंखला की ओर बढ़ चुका है। हमारा मकसद है कि ज्यादा सॉफ्टवेयर उत्पाद बनाए जाएं और वैश्विक बाजार में ज्यादा हिस्सेदारी हासिल की जाए। इस समय हमारे सॉफ्टवेयर उत्पादों के  निर्यात का मूल्य 8 अरब डॉलर है, जबकि वैश्विक बाजार का आकार 500 अरब डॉलर का है। लेकिन 2025 तक क्षमता बढ़कर 80-90 अरब डॉलर की होने की संभावना है। सॉफ्टवेयर उत्पादों के नवोन्मेष में हस्तक्षेप करने की क्षमता है और हमारे सेंटर आफ एक्सिलेंस (सीओई) नए उत्पादों के विकास में मदद करेंगे, जिनकी हमने योजना बनाई है।'

 
नए सीओई चेन्नई, बेंगलूरु, लखनऊ, भुवनेश्वर, पटना, मोहाली, हैदराबाद, गुरुग्राम में स्थापित किए जाएंगे और इनमें से 6 पूर्वोत्तर राज्यों में होंगे। इन अत्याधुनिक केंद्रों को तैयार करने के लिए करीब 400 करोड़ रुपये की जरूरत है और इसके लिए केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय, संबंधित राज्य सरकारों, उद्योग जगत और एसटीपीआई के अपने संसाधनों से धन जुटाया जाएगा। राय ने कहा, 'ये केंद्र एसटीपीआई या शैक्षणिक संस्थाओं में स्थापित किए जा सकते हैं। एसटीपीआई के पास इलेक्ट्रोप्रेन्योर पार्क भी है, जिसकी स्थापना इंडियन इलेक्ट्रॉनिक्स ऐंड सेमी कंडक्टर एसोसिएशन (आईईएसए) के सहयोग से दिल्ली विश्वविद्यालय में 2016 में की गई। दूसरा केंद्र भुवनेश्वर में बन रहा है। हमारे प्रत्येक सीओई हर साल 20 स्टार्टअप तैयार करेंगे। इस तरह के 4 केंद्र पहले ही शुरू किए जा चुके हैं।' 
 
इस समय भारत का आईटी उद्योग सालाना 13 प्रतिशत बढ़ रहा है। बहरहाल उनका मानना है कि नए सीओई से यह वृद्धि 20 प्रतिशत सालाना करने में मदद मिलेगी। एसटीपीआई की बेंगलूरु, चेन्नई, हैदराबाद, त्रिवेंद्रम, कानपुर, कोलकाता, भुवनेश्वर, मुंबई, नागपुर, वारंगल, काकीनाडा, लखनऊ, पुणे, सूरत, तिरुपति, विजयवाड़ा, और विशााखापत्तनम में मौजूदगी है। पिछले वित्त वर्ष मे हुए कुल निर्यात में एसटीपीआई में पंजीकृत इकाइयों की हिस्सेदारी 50 प्रतिशत से ज्यादा रही है। 
Keyword: export, import, india, STPI,,
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