बिजनेस स्टैंडर्ड - कॉरपोरेट बॉन्ड निर्गमों में तेजी
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Sunday, October 20, 2019 08:28 PM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम बाजार खबर

कॉरपोरेट बॉन्ड निर्गमों में तेजी

अनूप रॉय / मुंबई September 11, 2019

अनुमानों के विपरीत कॉरपोरेट बॉन्ड बाजार के निर्गमों में तेजी देखने को मिल रही है और इस कैलेंडर वर्ष के पहले आठ महीनों में कई निर्गम नई ऊंचाई पर पहुंचे हैं। विश्लेषकों का कहना है कि जहां नकदी का अहम योगदान है, वहीं विभिन्न जोखिमों की वजह से बैंकों द्वारा उधारी से परहेज किए जाने से कंपनियों को कॉरपोरेट बॉन्ड बाजार क्षेत्र की ओर रुख करना पड़ रहा है। बैंकिंग व्यवस्था में पर्याप्त नकदी है और इस वजह से कुछ समय से 1 लाख करोड़ रुपये से अधिक के अधिशेष की स्थिति बनी हुई है। बॉन्ड प्रतिफल में भी गिरावट आई है क्योंकि आरबीआई ने रीपो दर फरवरी से 110 आधार अंक तक घटाई है और इसमें आगे भी और कटौती किए जाने की संभावना है। 

 
लेकिन सबसे बड़ा कारण यह हो सकता है कि 100 करोड़ रुपये के बकाया दीर्घावधि कर्ज वाली कंपनियों को अपनी वित्त पोषण जरूरत का एक-चौथाई हिस्सा बॉन्ड बाजार से जुटाना होगा, जैसा कि बाजार नियामक सेबी द्वारा निर्धारित किया गया है। बॉन्ड जारी करने वाली इन कंपनियों को ब्याज दरों में कमी आने से मदद मिल रही है। अच्छी क्रेडिट रेटिंग वाली कंपनियों के मामले में ब्याज दर 100 आधार अंक कम हैं। इस वर्ष अगस्त तक, बॉन्ड निर्गम की राशि 5.45 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गई, जिसमें गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी), अन्य निजी कंपनियों, और सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों द्वारा जारी निर्गम शामिल हैं। पिछले साल की समान अवधि में ये निर्गम 3.93 लाख करोड़ रुपये पर थे जो 38.7 प्रतिशत की वृद्घि है। अगर यह रुझान बरकरार रहा तो निर्गम की रकम 2017 के 7 लाख करोड़ रुपये के रिकॉर्ड को पार कर जाएगी। लेकिन इसका यह मतलब नहीं है कि चिंता की कोई वजह नहीं है और बॉन्ड बाजार मजबूत हो गया है।
 
इंडिया रेटिंग्स ऐंड रिसर्च में सहायक निदेश सौम्यजीत नियोगी का कहना है, 'बॉन्ड निर्गमों की संख्या में तेजी उत्साहजनक है, लेकिन यह पीएसयू समेत कुछ बड़ी कंपनियों तक सीमित रही है। यह तेजी बैंकिंग क्षेत्र में वृद्घिशील दर संचरण और उधारी परिवेश में सुधार की गति पर निर्भर करेगी।' हाल में आरबीआई के डिप्टी गवर्नर बी पी कानुनगो ने चेतावनी दी कि बाजार कम रेटिंग वाली कंपनियों को नजरअंदाज कर रहा है।  लेकिन विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने कॉरपोरेट बॉन्डों में अपनी भागीदारी घटाई है। ताजा आंकड़ों के अनुसार, एफपीआई ने कॉरपोरेट बॉन्डों में 3.03 लाख करोड़ रुपये की अपनी निवेश योग्य सीमा का 67.57 प्रतिशत इस्तेमाल किया है। डेट इस्तेमाल एक साल पहले 76.8 प्रतिशत पर था, लेकिन निवेशक योग्य सीमा भी 2.67 लाख करोड़ रुपये पर थी। 
 
फिलिप कैपिटल में विश्लेषक जयदीप सेन ने कहा, 'एफपीआई इस साल शुद्घ खरीदार रहे और उन्होंने अब तक 4.2 अरब डॉलर की खरीदारी की है। अप्रैल से, एफपीआई डेट श्रेणी में लगातार शुद्घ खरीदार बने हुए हैं।' लेकिन इक्विटी में एफपीआई शुद्घ बिकवाल बने हुए हैं जिससे रुपये पर दबाव पड़ रहा है। हालांकि कमजोर रुपया भी विदेशी निवेशकों के लिए निवेश का अच्छा जरिया है और उन्हें उम्मीद है कि रुपया भविष्य में मजबूत होगा। 
Keyword: corporate bond, share, market, sensex, बीएसई, कंपनी, शेयर,,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:

स्मार्ट इंवेस्टर

शीर्ष आईटी कंपनियों की सामान्य रहेगी वृद्धि दर

Investmentsचालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में शीर्ष आईटी कंपनियों की कमाई सामान्य गति

दूसरी छमाही में आरआईएल की रफ्तार में आएगी तेजी

आईआरसीटीसी आईपीओ: दांव लगा सकते हैं निवेशक

बाजार में रुझान बदलने का तत्काल कोई कारण मौजूद नहीं

जीसीपीएल के सस्ते मूल्यांकन के लालच में न आएं

आगे पढ़े
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.