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जेट पर 24,000 करोड़ रु. के दावे

अनीश फडणीस और सुब्रत पांडा / मुंबई July 18, 2019

जेट एयरवेज दिवालिया मामला संभाल रहे अंतरिम रिजॉल्यूशन प्रोफेशनल को लेनदारों, वेंडरों, ट्रैवल एजेंटों और कर्मचारियों से 24,000 करोड़ रुपये से ज्यादा के दावे मिले हैं। रिजॉल्यूशन प्रोफेशनल ने बैंकों के 8,462 करोड़ रुपये के 33 दावे स्वीकार किए हैं, वहीं परिचालक लेनदारों व कर्मचारियों के 15,044 करोड़ रुपये के दावों का सत्यापन हो रहा है। दावा करने वालों में जेटएयर प्राइवेट लिमिटेड (नरेश गोयल के स्वामित्व वाली जनरल सेल्स एजेंट), जेट प्रिविलेज प्राइवेट लिमिटेड (जेट का लॉयल्टी प्रोग्राम) और एतिहाद एयरवेज व इसकी समूह की कंपनियां शामिल हैं। रिजॉल्यूशन प्रोफेशनल ने जेटएयर के 230 करोड़ रुपये के कर्ज के दावे को खारिज कर दिया है, वहीं परिचालक लेनदार के तौर पर इसके 87 करोड़ रुपये के दावे का सत्यापन कर रहे हैं।
 
आईआरपी आशिष छाउछरिया ने आज एक अधिसूचना में कहा, सिर्फ जेट एयरवेज से जुड़े दावे पर ही विचार किया जा रहा है और सहायक कंपनी जेटलाइट के दावे स्वीकार नहीं किए जाएंगे। उन्होंने कहा, सिर्फ जेट एयरवेज की कॉरपोरेट दिवालिया समाधान प्रक्रिया शुरू हुई है और पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनियां अलग कानूनी इकाई है और ये इस प्रक्रिया के दायरे से बाहर हैं, ऐसे में सिर्फ जेट एयरवेज से जुड़े दावों पर ही विचार किया जाएगा। जेट एयरवेज ने 17 अप्रैल को परिचालन बंद कर दिया था और पिछले महीने कंपनी के लेनदारों ने खरीदार मिलने की उम्मीद में इसे दिवालिया अदालत ले जाने का फैसला लिया। एनसीएलटी ने आईआरपी को इसकी समाधान प्रक्रिया में तेजी लाने और इसे 90 दिन में पूरा करने को कहा है। क्रेडिटरों के दावे को दिवालिया प्रक्रिया के एक हिस्से के तौर पर प्राप्त किया गया है।
 
अभी तक देसी व विदेशी लेनदारों के 8,462 करोड़ रुपये के दावे स्वीकाकर किए गए हैं, वहीं 1,380 करोड़ रुपये के दावे खारिज किए गए। लेनदार इस हफ्ते यह फैसला लेने के लिए वोटिंग कर रहे हैं कि इस विमानन कंपनी के लिए कौन बोली लगा सकता है क्योंकि वे नहीं चाहते कि इस दौड़ में कोई अगंभीर कंपनी शामिल हो। लेनदारों की समिति ने मंगलवार की पहली बैठक में इस पर चर्चा की। ई-वोटिंग शुक्रवार को समाप्त होगी और अभिरुचि पत्र आमंत्रित करने वाला विज्ञापन शनिवार 20 जुलाई को जारी होगा। सूत्रों ने यह जानकारी दी। इसमें रुचि रखने वालों को अभिरुचि पत्र जमा कराने के लिए अगस्त के पहले हफ्ते तक का वक्त मिलेगा। लेनदारों की समिति ने हर लेनदार के वोटिंग के अधिकार को भी अंतिम रूप दिया, जो उनके बकाए पर आधारित है। एसबीआई का 19.43 फीसदी वोट हैं, जबकि येस बैंक का 12.81 फीसदी और पीएनबी का 11.31 फीसदी वोट है।
Keyword: aviation, flight, airport, jet airways,,
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