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नई समाधान योजना पर एमटेक ऑटो की सीओसी को फटकार

आशिष आर्यन /  June 26, 2019

नैशनल कंपनी लॉ अपीलेट ट्रिब्यूनल (एनसीएलएटी) ने बुधवार को एमटेक ऑटो की बकायेदारों की समिति (सीओसी) और रिजोल्यूशन प्रोफेशनल (आरपी) को कंपनी के लिए नई बोलियां आमंत्रित करने के संबंध में ताजा सूचना जारी करने के लिए फटकार लगाई। 

एनसीएलएटी की यह आपत्ति डेक्कन वैल्यू इन्वेस्टर्स एलपी (डीवीआई) द्वारा जारी अनुरोध पर जताई गई है जिसमें आरोप है कि नई बोलियों के लिए ताजा अभिरुचि पत्र (ईओआई) में उसे एमटेक ऑटो के लिए बोलीदाता के रूप में अयोग्य करार दिया गया है। 13 जून को एमटेक ऑटो के आरपी ने समाधान योजना की नई बोली आमंत्रित की। 

नए ईओआई के अनुसार, समाधान आवेदक एमटेक ऑटो के लिए बोली के योग्य नहीं होगा। डीवीआई ने नए सूचना मसौदे और पात्रता मानदंडों को चुनौती दी। कंपनी मेटालिस्ट फोर्जिंग्स के लिए बोली लगाकर मुश्किल में फंस गई और उसने सीओसी तथा एनसीएलटी से मंजूरी के बाद अपनी बोली वापस ले ली थी।

ब्रिटेन की लिबर्टी हाउस गु्रप द्वारा प्रक्रिया से निकलने के बाद एनसीएलएटी द्वारा दूसरे दौर की बोली प्रक्रिया को अनुमति दी गई। एनसीएलएटी ने तब सीओसी और आरपी को प्राप्त सभी बोलियों पर विचार करने की अनुमति दी थी। उसने तब नया ईओआई आमंत्रित करने की भी अनुमति नहीं दी थी। 

बुधवार को एनसीएलएटी ने सीओसी और आरपी को डीवीआई समेत सभी बोलीदाताओं के साथ पुन: बातचीत करने और एमटेक ऑटो के लिए सौंपी गईं उनकी योजनाओं में सुधार लाने को कहा। उसने यह भी कहा कि सीओसी और आरपी अब उन सभी बोलियों पर विचार करेंगे जो अब तक प्राप्त हुई हैं। इनमें डीवीआई की बोली भी शामिल है। एमटेक ऑटो का कुल बकाया ऋण पिछले साल जुलाई में 12,603 करोड़ रुपये था। लिबर्टी हाउस के बाद एमटेक ऑटो के लिए दूसरी सबसे बड़ी समाधान आवेदक के तौर पर उभरी डीवीआई ने 3,150 करोड़ रुपये की बोली लगाई थी।
Keyword: NCLT, Liberty House, Auto, DVY, Resolution,
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