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एलऐंडटी के लिए माइंडट्री के संस्थापकों को छोडऩा होगा बोर्ड

देवाशिष महापात्र / बेंगलूरु June 18, 2019

माइंडट्री के निदेशक मंडल में अपने प्रतिनिधि को शामिल करने की एलऐंडटी की मांग पर आईटी फर्म के संस्थापकों को निदेशक मंडल में कम से कम एक निदेशक का पद छोडऩा पड़ सकता है। सूत्रों ने कहा कि स्वतंत्र निदेशकों के कम से कम एक तिहाई प्रतिनिधित्व की अनिवार्यता के चलते आईटी फर्म को निदेशक मंडल का आकार बढ़ाना पड़ सकता है ताकि नए शेयरधारक एलऐंडटी को उचित प्रतिनिधित्व दिया जा सके। या फिर आईटी कंपनी को एलऐंडटी के प्रतिनिधि को जगह देने के लिए अपने कुछ संस्थापक सदस्यों को वहां से हटाना पड़ेगा।

 
अभी माइंडट्री के बोर्ड में आठ सदस्य हैं, जिसमें से चार स्वतंत्र निदेशक हैं। बाकी चार सदस्य कंपनी के संस्थापक हैं। कृष्णकुमार नटराजन (कार्यकारी चेयरमैन), पार्थसारथि एनएस (कार्यकारी वाइस चेयरमैन व सीओओ), सुब्रतो बागची (गैर-कार्यकारी निदेशक) और रोस्तो रावननन (सीईओ व एमडी बोर्ड में संस्थापक टीम का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। एचएसए एडवोकेट्स की पार्टनर दीप्ति एल साविन ने कहा, बोर्ड में प्रतिनिधित्व कंपनी की शेयरधारिता के पैटर्न के हिसाब से होना चाहिए। साथ ही स्वतंत्र निदेशकों की अनिवार्य संख्या भी होनी चाहिए। इस पृष्ठभूमि में माइंडट्री को अपने बोर्ड का विस्तार करना होगा, जिसकी सीमा कंपनी अधिनियम के हिसाब से 15 है या फिर उन्हें संस्थापक सदस्यों में से कुछ को बोर्ड से हटाना होगा। 
 
माइंडट्री के आर्टिकल्स ऑफ एसोसिएशन के मुताबिक माइंडट्री के बोर्ड के अधिकतम सदस्यों की संख्या का आकलन नहीं हो सकता। हालांकि विशेषज्ञों ने कहा कि अगर कंपनी बोर्ड का विस्तार करना चाहती है तो उसे विशेष प्रस्ताव पारित करना होगा, जिसके लिए 75 फीसदी शेयरधारकों की मंजूरी की दरकार होती है। मौजूदा नियम के तहत एलऐंडटी सिर्फ एक स्वतंत्र निदेशक की नियुक्ति आईटी फर्म में कर सकती है क्योंकि कंपनी के शेयरधारिता पैटर्न के तहत इसे प्रवर्तक के तौर पर वर्गीकृत नहीं किया गया है। चूंकि इस महीने के आखिर तक खुली पेशकश समाप्त होगी, ऐसे में एलऐंडटी आगामी सालाना आम बैठक (16 जुलाई) में बोर्ड में और प्रतिनिधित्व की मांग कर सकती है। अभी आईटी फर्म में एलऐंडटी की हिस्सेदारी करीब 30 फीसदी है और अतिरिक्त 31 फीसदी हिस्से के लिए इसकी खुली पेशकश सोमवार तक खुली है। ऐसे में बोर्ड में और प्रतिनिधित्व के लिए एलऐंडटी को एजीएम तक इंतजार करना पड़ेगा।
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