बिजनेस स्टैंडर्ड - जेट एयरवेज ने की कर्ज भुगतान में चूक
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जेट एयरवेज ने की कर्ज भुगतान में चूक

सुरजीत दास गुप्ता / नई दिल्ली 03 14, 2019

जेट का वित्तीय संकट

एचएसबीसी बैंक को 3.1 करोड़ डॉलर की पहली किस्त का नहीं कर पाई भुगतान
10.9 करोड़ डॉलर की दूसरी किस्त के भुगतान पर भी संशय
समाधान योजना लंबित रहने से नकदी का गंभीर संकट
एतिहाद ने अब तक 750 करोड़ रुपये डालने का नहीं किया निर्णय

बिजनेस स्टैंडर्ड जेट एयरवेज ने की कर्ज भुगतान में चूकजेट एयरवेज का वित्तीय संकट और गहरा रहा है। विमानन कंपनी ने 11 मार्च को 3.1 करोड़ डॉलर के बाह्य वाणिज्यिक उधारी के भुगतान में चूक की है। कंपनी को यह भुगतान एचएसबीसी बैंक मिडिल ईस्ट लिमिटेड को करना था और इसके लिए एतिहाद एयरवेज ने गारंटी दी थी। एतिहाद की जेट एयरवेज में 24 फीसदी हिस्सेदारी है। जेट 10.9 करोड़ डॉलर के भुगतान में भी चूक कर सकती है, जिसकी अदायगी 28 मार्च को बैंकों को होनी है। यह 2014 में जेट द्वारा लिए गए 14 करोड़ डॉलर के कर्ज के भुगतान की दूसरी किस्त है। इसके लिए भी एतिहाद ने गारंटी दी थी।

जेट एयरवेज ने भुगतान में चूक के पीछे नकदी की गंभीर समस्या और समाधान योजना के लंबित होने की वजह बताई। इस बारे में जानकारी के लिए एतिहाद से कुछ सवाल पूछे गए थे लेकिन उसका जवाब नहीं आया। जेट ने भी ई-मेल का कोई जवाब नहीं दिया। सूत्रों ने कहा कि एतिहाद ने अपने हित का बचाव किया है क्योंकि जेट के संस्थापक-चेरयमैन नरेश गोयल के साथ किए गए आपसी समझौते में यह प्रावधान शामिल किया गया था कि अंतरिम वित्तपोषण से पहले जेट एयरवेज को अपनी 15 फीसदी शेयर जेट प्रिविलेज (जेपीपीएल) के पास एचएसबीसी के पक्ष में जमानत के तौर पर गिरवी रखनी होगी।

जेपीपीएल में जेट एयरवेज की 49.9 फीसदी हिस्सेदारी है जबकि एतिहाद की 50.1 फीसदी हिस्सेदारी है। अनुमान के मुताबिक इसका मूल्य करीब 4,000 करोड़ रुपये है। विमानन कंपनी के 59 विमान खड़े हैं यानी कुल बेड़े के करीब 40 फीसदी विमानों का परिचालन नहीं हो रहा है, जिसकी वजह से उसे ताजा नकदी की तत्काल जरूरत है। बैंक की अगुआई वाली अंतरिम वित्तीय योजना के तहत शेयरधारकों को 4,000 करोड़ रुपये का निवेश करना है। योजना के मुताबिक एतिहाद को 750 करोड़ रुपये देने हैं, उसके बाद ऋणदाता भी उतनी ही राशि निवेश करेंगे। लेकिन एतिहाद की ओर से अभी इस पर अंतिम निर्णय नहीं किया गया है।

जेट ने 11 मार्च को एचएसबीसी को बताया था कि कंपनी गंभीर नकदी संकट से जूझ रही है और इसके सुधार के लिए बैंक की अगुआई में समाधान योजना पर काम चल रहा है। यह योजना अंतिम चरण में है और इसकके लिए नियामकीय एवं कॉर्पोरेट मंजूरी मांगी गई है, जोकि अभी लंबित है। यही वजह है कि कंपनी 3.1 करोड़ डॉलर की पहली किस्त का भुगतान करने में असमर्थ है।  कर्ज के अनुबंध पर जनवरी 2014 को जेट और एचएसबीसी ने हस्ताक्षर किए थे। विमानन कंपनी द्वारा 14 करोड़ डॉलर का कर्ज दो किस्तों में 5 मार्च और 27 मार्च, 2014 को लिया गया था। इसका भुगतान पांच साल में किया जाना था।

बैंक के वरिष्ठ आधिकारिक प्रतिनिधि के अनुसार एतिहाद ने इस बारे में नहीं बताया है कि अंतरिम वित्तपोषण के तहत वह अपने हिस्से की रकम कब तक जारी करेगी। गोयल ने हाल में एतिहाद समूह के सीईओ टोनी डगलस को स्पष्ट किया था कि एतिहाद को तत्काल 750 करोड़ रुपये का निवेश करना होगा क्योंकि जेट एयरवेज पट्टेदारों के साथ ही साथ कर्मचारियों का वेतन भुगतान नहीं कर पा रही है।

Keyword: aviation, flight, airport, jet airways,,
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